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राष्ट्रीय सरकार के गठन और तत्‍काल पहल किये जाने के लिए लोकतान्त्रिक संस्थान प्रमुखों को लिखा पत्र

सिटिज़न्स फॉर डेमोक्रेसी (सीऍफ़डी) ने की राष्ट्रीय सरकार के बारे में आम राय विकसित करने के लिए संसद का वर्चुअल सत्र बुलाने की मांग सप्रेसमीडिया.इन । नईदिल्‍ली, 23 मई। देश में लोकतंत्र को सुरक्षित रखने और उसे मजबूत बनाने के…

प्रकृति के चितेरे सुंदरलाल बहुगुणाजी के मौन होने पर प्रबुद्धजनों की शब्‍दाजंलियां

प्रकृति के चितेरे, सौम्‍यता, सादगी की मूर्ति सुन्दरलाल बहुगुणा के अवसान पर देशभर से अनेक संस्थाओं, व्‍यक्तियों, संगठनों की ओर से स्‍मृति स्‍वरूप भावांजलि संदेश प्राप्‍त हो रहे हैं। श्री बहुगुणा का देश – दुनिया में फैला विशाल संसार उनकी…

22 मई : जैव विविधता संरक्षण

विश्व जैव विविधता दिवस या विश्व जैव विविधता संरक्षण दिवस 22 मई को मनाया जाता है। इसे संयुक्त राष्ट्र संघ ने प्रारंभ किया था। सन् 2010 को जैव विविधता का अंतरराष्ट्रीय वर्ष घोषित किया गया था। “जैव विविधता एक प्राकृतिक…

सुन्दरलाल बहुगुणा : प्रेरक ऊर्जा देने वाले पुंज

सुन्दरलाल बहुगुणा जी उच्च संत है। कलयुग में प्रकृति और पर्यावरण संरक्षक है। प्राकृतिक मित्र तो अपना आयु का काल पूरा ही करते है। उन्हें कोविड़ ने आज हमारे से अलग कर दिया है। यह बेहद दुखद है। सुन्दरलाल बहुगुणा…

खतरे में पड़ी जैव विविधता

22 मई जैव विविधता दिवस पर विशेष जैव विविधता की दृष्टि से भारत विश्व के समृद्धतम राष्ट्रों में प्रमुख है। भारत की विशिष्ट भौगोलिक स्थिति होने के कारण पशु-पक्षियों एवं पेड़-पौधों को जितनी अधिक प्रजातियों पाई जाती हैं, उतनी विश्व…

विश्व प्रसिद्ध पर्यावरणविद् सुंदरलाल बहुगुणा का निधन, देश ने एक महान वृक्ष मित्र खो दिया

चिपको आंदोलन के नेता और विश्व प्रसिद्ध पर्यावरणविद् सुंदरलाल बहुगुणा अब नहीं रहे। वृक्षमित्र बहुगुणा का कोरोना वायरस के चलते निधन हो गया। चिपको आंदोलन के नेता और विश्व प्रसिद्ध पर्यावरणविद् सुंदरलाल बहुगुणा अब नहीं रहे। आज उन्‍होंने एम्‍स में…

शोध अध्ययन : महज 17 प्रतिशत श्रमिक ही जानते है मुफ्त राशन योजना के बारे में

शोध : सेंटर फॉर लेबर रिसर्च एंड एक्शन ने जारी किया सार संक्षेप, श्रमिकों में टीकाकरण को लेकर डर देश में कोविड महामारी की दूसरी लहर के बीच गैर संगठित क्षेत्रों में कार्यरत श्रमिकों को काम के दिनों का काफी…

क्या अगले 30 साल बाद जीवाश्म ईंधन युग का अंत होना शुरू हो जाएगा ?

अंतर्राष्ट्रीय ऊर्जा एजेंसी व्‍दारा जारी नेट ज़ीरो बाय 2050 नामक रिपोर्ट का निष्‍कर्ष जीवाश्म ईंधन पर अंकुश लगाने की अब तक की सबसे बड़ी चेतावनी देते हुए ऊर्जा क्षेत्र की शीर्ष वैश्विक निगरानी संस्था अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा एजेंसी (आईईए) ने साफ़…

नागरिकों को अब किस तरह की लहर से लड़ाई के लिए तैयारी करना चाहिए ?

जिन लहरों से हम अब मुख़ातिब होने वाले हैं उनका ‘पीक’ कभी भी शायद इसलिए नहीं आएगा कि वह नागरिक को नागरिक के ख़िलाफ़ खड़ा करने वाली साबित हो सकती है। जो नागरिक अभी व्यवस्था के ख़िलाफ़ खड़ा है वही…

अंतर्राष्‍ट्रीय / लंगड़ी दुनिया की अंधी दौड़

म्यांमार और इस्रायल में इन दिनों जो हो रहा है, उसे किसी दूसरी तरह से समझना संभव ही नहीं है। इसे म्यांमार के तानाशाहों व म्यांमार की जनता का अंदरूनी मामला मान लिया गया है। वहीं फलस्तीन को यह समझना…