भारत में जिस तरह का सरकार-नियंत्रित ‘नव-बाज़ारवाद’ आकार ले रहा है उसमें यह नामुमकिन नहीं कि सूचना के प्रसारण और उसकी प्राप्ति के सूत्र बाज़ार और सत्ता के संयुक्त नियंत्रण (पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप) में चले जाएँ और आम जनता को उसका…
वे तरह तरह के खनिजों से बने व्यक्ति थे. अपने होने की कुछ मिश्र धातुयें उन्होंने खुद बनाई थीं. जैसे प्रकृति प्रेम, पर्यावरण बेचैनी, उपभोग की अति की निरर्थकता उन्हें ‘मठी मार्क्सवादियों’ से अलग करती है. इसलिये उनकी मुख्य रुचि…
वर्ल्ड मेट्रोलॉजिकल आर्गेनाइजेशन (डब्लूएम्ओ) और यूनाइटेड किंगडम मेट (मौसम) कार्यालय की सालाना जारी की गई ‘टू ग्लोबल क्लाइमेट अपडेट’ नाम की रिपोर्ट खुलासा करती है कि 2021-2025 के दौरान अटलांटिक में हाल के पिछले दिनों की तुलना में अधिक उष्णकटिबंधीय…
दुनियाभर में तम्बाकू और उससे बने विभिन्न उत्पादों का उपभोग एक मानव निर्मित त्रासदी पैदा कर रहे हैं। इसमें तम्बाकू का अवैध व्यापार बढौतरी करता है। कोविड-19 महामारी की वजह से लगे लॉकडाउन ने तम्बाकू के वैध व्यापार पर तो…
सुशील कुमार ने अपनी सफलता को मनमानी का लाइसेंस समझ लिया। खेल के सारे व्यापारियों ने उसकी इस समझ को सुलझाया नहीं, भटकाया-बढ़ाया। अब हम देख रहे हैं कि सुशील कुमार पर हत्या का ही आरोप नहीं है बल्कि असामाजिक-अपराधियों…
बुनियादी बातों की अनदेखी का एक और कारनामा हाल में कोविड-19 की चपेट में आए मरीजों और उनके तीमारदारों ने भोगा है। ऑक्सीजन, रेमडेसिविर इंजेक्शन और अन्य बेहद जरूरी दवाओं की कालाबाजारी के चलते ये चीजें जरूरतमंदों तक नहीं पहुंच…
इस महीने की शुरुआत में इजराइल और फिलिस्तीन के उग्रवादी समूह ‘हमास’ के बीच एक बार फिर भडके ग्यारह दिन के युद्ध में हालांकि फिलहाल ‘युद्ध-विराम’ हो गया है, लेकिन क्या यह ‘युद्ध-विराम’ कभी स्थायी हो सकेगा? क्या पश्चिम के…
बीते एक साल में सात राज्यों में थर्मल पावर प्लांट्स में कोल फ्लाई ऐश से जुड़ी 17 प्रमुख दुर्घटनाएं की गयीं दर्ज एक ताज़ा रिपोर्ट से ख़ुलासा हुआ है कि अप्रैल 2020 से मार्च 2021 के बीच देश के 7…
स्मृति लेख पिछले दिनों हम सबसे सदा के लिए विदा हुए श्री सुन्दरलाल बहुगुणा को श्रद्धांजलि-स्वरूप लेख। पहली बार मेरी मुलाकात उनसे वर्ष 1979 में हुई। उस समय युवा समूह के रूप में पर्यावरण के मुद्दों पर हमारी यात्रा की…
पर्यावरण संरक्षण को लेकर लंबे समय से कार्य कर रहे पद्मभूषण डॉ. अनिल प्रकाश जोशी ने पर्यावरणविद सुंदरलाल बहुगुणाजी के जन्मदिन पर उनके नाम से पांच हेक्टेयर क्षेत्र में ‘सुंदर वन’ की स्थापना की थीं, जो अब घने जंगल में…