मध्यप्रदेश में वन भूमि अतिक्रमण को लेकर सरकारी आंकड़ों और दावों में गंभीर विरोधाभास सामने आया है। एनजीटी में प्रस्तुत हलफनामे में जहां 5.46 लाख हेक्टेयर भूमि पर अतिक्रमण की बात मानी गई है, वहीं वन विभाग की रिपोर्टें पुराने…
वन और वन्यप्राणियों से लेकर अपने समय और समाज को हथेली पर बांचने वाली ‘घुमंतू और विमुक्त’ महिलाऐं, अपने घर-परिवारों के साथ अक्सर रास्तों के किनारे अस्थायी बस्तियों में दिखाई दे जाती हैं। सहज, नैसर्गिक जीवन के अभावों से जूझती…
नई दिल्ली, 27 मार्च। केंद्र सरकार की चुप्पी के चलते देशभर में लाखों आदिवासी और वनवासी समुदायों पर बेदखली का खतरा मंडरा रहा है। देश के सौ से अधिक जन संगठनों ने केंद्र और राज्य सरकारों से अपना संवैधानिक कर्तव्य…
विकास के मौजूदा धतकरम के मुकाबले दुनियाभर के आदिवासियों की सभ्यता, संस्कृति, रहन-सहन, खान-पान आदि को देखें तो आसानी से समझा जा सकता है कि हम कथित आधुनिक लोगों को उनसे सीखकर खुद को बचा पाने की जरूरत है। क्या…
आजादी के बाद जिस अवधारणा को बार-बार याद करने की जरूरत है, वह स्वराज है। गांधी की मार्फत आई हमारे देसी समाज की यह अवधारणा अनेक संकटों की समझ देकर उनसे निजात दिला सकती है। कुछ समाजसेवी हैं जो यदा-कदा…
निमिषा सिंह देश की आबादी में अनुसूचित जनजाति के लोगों की तादाद 8.6% है, लेकिन विकास परियोजनाओं के कारण विस्थापित होने वाले लोगों की कुल संख्या में अनुसूचित जनजाति के लोगों की तादाद 40 प्रतिशत है। जाहिर है, जनजातीय लोगों को जो भारतीय संविधान की पांचवीं अनुसूची से आच्छादित हैं, भूमि-अधिग्रहण, विस्थापन…
आज के खाऊ-उडाऊ विकास के सामने कई लोग अपनी परम्पराओं, पद्धतियों को लेकर निष्ठा से डटे हैं। उनमें से एक देबजीत सरंगी भी थे। पिछली मई में करीब 54 साल की उम्र में उनका सदा के लिए विदा होना दुखद…
हाल में घोषित झारखंड विधानसभा चुनावों की 13 और 20 नवंबर की तारीखों ने अब तक कछुआ चाल से ठुमक रहे ‘पेसा कानून’ को फिर से हवा दे दी है। करीब तीन दशक पहले संसद में पारित आदिवासियों के लिए…
पिछले कुछ सालों से आदिवासियों, वन-निवासियों की एकजुटता, संघर्ष और लगातार बढ़ती ताकत के चलते उनके हित में अनेक कानून बने हैं, सरकारें भी उन्हें संरक्षण देने की घोषणाएं करती रहती हैं, लेकिन क्या सचमुच इन प्रयासों से आदिवासियों का…
देश-भर के आंदोलनों ने की मांग देश के अलग अलग भौगोलिक क्षेत्रों के विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों ने जन आंदोलनों का राष्ट्रीय समन्वय के राष्ट्रीय नदी घाटी मंच द्वारा आयोजित प्रेस वार्ता में केंद्र और राज्य सरकारों की विकास संबंधित…