हिमालयी राज्य क्षेत्रीय परिषद : डूबते हिमालय को बचाने की तजबीज
विकास के मौजूदा मॉडल के चलते हिमालय को एक ‘डूबती इकाई’ मानने वाले अनेक वैज्ञानिक, सामाजिक कार्यकर्ता अब भी उम्मीद कर रहे हैं कि सत्ता और सेठों की चौकडी को शायद अक्ल आ जाए और वे हिमालय में विकास को…
हरित और सामूहिक आतिशबाजी से मनाएं दीपावली
राम के वनवास से लौटने के उत्सव के साथ-साथ आजकल दीपावली प्रदूषण की मार से डराती भी है। नतीजे में कई राज्य सरकारें आतिशबाजी पर कडाई से रोक लगा देती हैं। सवाल है, कैसे बचा जा सकता है, पटाखों के…
समाज में धर्म : करुणा से करीबी और कट्टरता से किनारा
इस समय में भी धर्म को लेकर कट्टरता और क्रूरता, संकीर्णता और अंधविश्वास की प्रवृत्तियां जोर पकड़ रही हैं। ऐसे समय में जब धर्म आपस में वैमनस्यता बढाने के लिए उपयोग किए जा रहे हों, कैसे धर्म की जरूरत होगी?…
बेरोजगारी के मुद्दे पर बड़े आंदोलन का आगाज;देश के विभिन्न हिस्सों में शुरू होगा आंदोलन
देश में बढ़ रही बेरोजगारी के सवाल पर एक बड़े आंदोलन की रूपरेखा तैयार की गई है। सामाजिक, आर्थिक, शैक्षणिक व युवा संगठनों से बातचीत कर फाइनल ड्राफ्ट तैयार होगा। ‘रोजगार के अधिकार’, को मौलिक अधिकारों में शामिल कराने के…
गुजरात विद्यापीठ के 9 ट्रस्ट्रियों ने दिया इस्तीफा, नए गैर-गांधीवादी कुलपति की नियुक्ति से नाराज
महात्मा गाँधी द्वारा स्थापित गुजरात विद्यापीठ के कुलपति को लेकर विवाद बढ़ता जा रहा है। गुजरात के राज्यपाल आचार्य देवव्रत की नियुक्ति से नाराज 9 ट्रस्ट्रियों ने विद्यापीठ से इस्तीफा दे दिया। आचार्य देवव्रत की नियुक्ति को वह विद्यापीठ और…
डॉ. कलाम : पृथ्वी ही आपके भविष्य की दुनिया है
देश के पूर्व राष्ट्रपति स्व. डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम सहृदय, मृदुभाषी, सरल एवं ईमानदार होने के साथ-साथ पेड़ों एवं पशु-पक्षियों के प्रेमी भी थे। सन् 1989 में डॉ. कलाम के नेतृत्व में बनी ‘अग्नि मिसाइल’ की सफलता पूर्वक लान्चिंग पर…
लोकनायक जयप्रकाश नारायण (जेपी) ने पूछा था :आंदोलन क्या बूढ़े चलाएँगे ?
जेपी एक ऊर्जा थे ,रोमांच थे, आत्मीयता से भरी हुई एक प्रतीक्षा थे।आज़ादी के इतिहास को नए सिरे से लिखने की क्रूरता जब किसी दिन थक कर पस्त हो जाएगी, आइंस्टीन जैसा ही कोई संवेदनशील वैज्ञानिक विनोबा और जेपी जैसे…
विकास के बरक्स ‘यू-टर्न’ की युक्ति
विकास का मौजूदा मॉडल दरअसल विनाश को न्यौतता है, यह बात कोई दबी-छिपी नहीं रह गई है। ऐसे में कैसे हम अपने जीवन को जीने लायक बनाए रखें? हाल में बिज़नेस न्यूज-चैनल पर एक विज्ञापन देखा जिसमें बताया गया था…
सत्ता को सीमा बताने वाले, जेपी
हमारे समय में ऐसे कई महानायक हुए हैं जिन्होंने इतिहास की धारा को बदलने के प्रयास किए हैं। ऐसे ही एक व्यक्ति लोकनायक जयप्रकाश नारायण रहे हैं जिनकी अगुआई में देश में तानाशाही की पहली कोशिश को सफलतापूर्वक रोका गया…
गांधी के सपनों से कोसों दूर उनका अपना देश
गांधी जयंती पर विशेष गांधी जी सही अर्थ में महात्मा थे। संसार के बहुत कम लोग इस अर्थ में महान हुए हैं, जिस अर्थ में मोहनदास करमचंद गांधी। वे महान पैदा नहीं हुए थे, न ही महानता उनपर थोपी…























