Year: 2023

बुनकरों की बदहाली : दवा के साथ दुगना होता मर्ज

हथकरघा उद्योग आज भी रोजगार का एक कारगर साधन है, लेकिन हमारी सरकारें और उनकी नीतियां उसे अपेक्षित महत्व नहीं देतीं। नतीजे में यह उद्योग ठप्प होता जा रहा है। फिलहाल क्या हालत है, हथकरघा उद्योग की? सात अगस्त, 1905 को…

सनातन धर्म : द्रविड़ और सनातन सभ्यता का द्वन्द

राजनीतिक क्षितिज में द्रविड़ विरुद्ध आर्य का विवाद बहुत पुराने समय से चल रहा है और इस विवाद के चलते सर्वमान्य हल निकालने के जो प्रयास हुए उसका साक्ष्य हमें भारत के संविधान की रचना के समय हुए वाद विवाद…

दान में जमीन का छठा हिस्सा मांगने वाले संत विनोबा भावे

विनोबा भावे : 11 सितंबर जन्‍म दिवस प्रसंग आज संत विनोबा भावे का जन्‍म दिवस है। भूदान आंदोलन के जनक, प्रसिद्ध स्वतंत्रता सेनानी एवं अहिंसा के प्रबल समर्थक आचार्य विनोबा भावे का भूमि दान प्रयोग दुनिया का ऐतिहासिक नवाचार रहा…

ताप-विद्युत बनाम ‘अक्षय-ऊर्जा’ : कोयले की कालिख

जलवायु-परिवर्तन सरीखे वैश्विक संकटों के लिए जिस उद्योग को सर्वाधिक गरियाया जाता है वह कोयले को जलाकर पैदा की जाने वाली बिजली यानि ताप-विद्युत या थर्मल पॉवर है। हमारे राजनेता गरियाने की इसी रौ में वैश्विक मंचों से तरह-तरह के…

ओडिशा में प्राकृतिक संसाधनों की कॉर्पोरेट लूट व दमन खत्म करने हेतु मुख्‍यमंत्री को लिखा पत्र

नियामगिरी सुरक्षा समिति के आदिवासी नेताओं और समर्थकों के खिलाफ़ यू.ए.पी.ए – एफ.आई.आर और बेबुनियाद आरोप खारिज करने की मांग   मुंबई, 22 अगस्‍त। देशभर के 20 राष्ट्रीय नेटवर्क / संगठनों, 40 जन संगठनों और 350 से अधिक सामाजिक कार्यकर्ताओं,…

फसल बीमा : कंपनियों ने लूटे हजारों करोड़

प्राकृतिक और मानवीय त्रासदियों के कारण खेती में होने वाले नुकसान से निपटने के लिए सरकार ने बीमा-योजना बनाई है। कहा जा रहा है कि मामूली प्रीमियम देकर किसान आपदाओं से खुद को सुरक्षित कर सकता है, लेकिन देशी-विदेशी कंपनियों…

We 20: जन सम्मेलन ने अधिकारों की सुरक्षा में प्रयासों को मजबूती देने का संकल्प लिया

‘लोकतंत्र की जननी’ में लोकतांत्रिक अधिकारों की सुरक्षा विफल हुई नई दिल्ली, 20 अगस्‍त। We20, G20 पर जन सम्मेलन, जिसे देश के विभिन्न हिस्सों से 70 संगठनों ने सामूहिक रूप से आयोजित किया था, उत्साह और ऊर्जा के साथ समाप्त…

76वें स्वतंत्रता दिवस पर विशेष : छोटे राज्यों का लोकतंत्र

लोकतंत्र में विधायिका, न्यायपालिका और कार्यपालिका की बार-बार उजागर होती नाकामियों की एक वजह उनका मौके पर मौजूद ना रहना भी है जिसकी एक वजह प्रशासनिक इकाइयों का विशाल आाकार है। तो क्या अपेक्षाकृत छोटे राज्य ज्यादा कारगर हो सकते…

सर्व सेवा संघ के ध्वस्तीकरण एवं अवैध कब्जे में लिए जाने के खिलाफ धरना

ग्‍वालियर, 14 अगस्‍त । सर्व सेवा संघ के वाराणसी स्थित राजघाट परिसर के ध्वस्तीकरण एवं अवैध तौर पर सरकार द्वारा कब्जे में लिए जाने के खिलाफ मध्यप्रदेश के ग्वालियर जिले में फूलबाग स्थित गांधी प्रतिमा के सामने काली पट्टी बांधकर…

2014 के बाद का भारत : संकट में गणतंत्र

76 वें स्‍वतंत्रता दिवस पर विशेष आजादी के लगभग साढे़ सात दशकों बाद यह सीधा, सरल और सहज सवाल तो उठता ही है कि आखिर इतने सालों में हमने क्या हासिल किया? हम कहां पहुंचे? इस सवाल का कई लोगों…