Indore

शहर की अधिकांश जनता को 24×7 सुरक्षित व साफ पानी की उपलब्‍धता नहीं

जन स्वास्थ्य अभियान इंडिया का इंदौर–भोपाल सर्वे में किये नागरिक सर्वे से खुलासा इंदौर/भोपाल, 16 जनवरी। इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित पेयजल से हुई त्रासदी के बाद जन स्वास्थ्य अभियान इंडिया द्वारा इंदौर और भोपाल में जल आपूर्ति की वास्तविक…

इंदौर : स्वच्छता के तमगे और दूषित पानी की सच्चाई 

इंदौर को वर्षों से देश के सबसे स्वच्छ शहर का दर्जा मिलता रहा है, लेकिन दूषित पेयजल से हुई 14 मौतों ने इस छवि पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। यह हादसा बताता है कि स्वच्छता के दावों के…

किसानों की हुंकार से हिली सत्ता : भूमि अधिग्रहण नीति में बड़ा बदलाव 

आउटर रिंग रोड के भूमि अधिग्रहण के विरोध में 15 माह चले आंदोलन के बाद किसानों को बड़ी जीत मिली। बढ़ी हुई गाइडलाइन के आधार पर अब उन्हें दो गुना मुआवज़ा मिलेगा। यह संघर्ष सिर्फ मुआवज़े की राशि नहीं, बल्कि…

बाजार की ताकतों ने कला को उत्पाद बना दिया, कलाकारों को फ़िल्म उद्योग का कच्चा माल नहीं बनना चाहिए

विश्व रंगमंच दिवस पर इंदौर में इप्टा के राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रसन्ना ने कहा इंदौर, 27 मार्च। प्राणी जगत में इंसान ही एकमात्र ऐसा जीव है, जो कई भूमिकाओं में रहता है। समय पर व्यक्ति को अपनी अभिनय की भूमिका से…

अब इंदौर को सब मिलकर बनाएं हरियाली का हब

सेवा सुरभि ने हरियाली , हवा और पानी की सलामती के लिए किया विचार मंथन इंदौर 2 जून। किसी समय इंदौर के एक ही क्षेत्र में 9 लाख पेड़ थे, इसलिए  नाम पड़ गया नवलखा। पलासिया, लालबाग, पीपली बाजार, इमली …

चुनावी राजनीति असंभव संभावनाओं का अनोखा खेल है!

इन्दौर लोकसभा क्षेत्र में नोटा का सवाल 2024 की चुनावी राजनीति में सबसे बड़ा बवाल बन गया है! चुनाव पूर्व किसी भी मतदाता या चुनावी राजनैतिक विश्लेषक या व्याख्याकार के मन के किसी कोने में भी यह सवाल नहीं था…

क्या इन्दौर लोकसभा चुनाव में नोटा राजनैतिक प्रतिरोध का प्रतीक बनेगा?

भारत के आम चुनावों में भारतीय मतदाता को केवल अपना मनपसंद जनप्रतिनिधि निर्वाचित करने का ही अधिकार नहीं है भारत के प्रत्येक मतदाता को निर्वाचन में प्रत्याशियों को नापसंद करने का भी संवैधानिक अधिकार प्राप्त है। भारतीय मतदाता की सामान्य…

पोहे-कचोरी भूल जाइए! ‘स्वच्छ’ इंदौर को अब इस ‘शर्म’ के लिए याद रखिए!

श्रवण गर्ग लता मंगेशकर, कर्नल सी के नायडु,उस्ताद अमीर खाँ और एम एफ़ हुसैन जैसी हस्तियों के शहर इंदौर के कोई 25 लाख मतदाता हैरान-परेशान हैं कि अब 13 मई को उन्हें क्या करना चाहिए जिस दिन चौथे चरण का…

भारतीय किसानों की जैविक-खेती : अलबर्ट हॉवर्ड ने दिलाई थी याद

उन्नीसवीं सदी में औद्योगिक क्रांति के साथ खेती में रसायनों का प्रयोग और नतीजे में अधिक लागत से अधिक उत्पादन का चलन शुरु हुआ था। इस कथित कृषि-विकास के परिणामों पर बीसवीं सदी की शुरुआत में कृषि-वैज्ञानिक अलबर्ट हावर्ड ने…

पवनार आश्रम की साधिका देवी बहन का निधन, 12 वर्ष तक मैत्री स्थापना और स्त्री शक्ति हेतु की थीं पैदल यात्रा

वर्धा। भूदान आंदोलन के प्रणेता आचार्य विनोबा भावे व्‍दारा स्‍थापित ब्रह्म विद्या मंदिर, पवनार (वर्धा) की साधिका सुश्री देवी बहन का 17 फरवरी 2022 को सुबह 8 बजे निधन हो गया। वे काफी दिनों से अस्वस्थ चल रही थीं। देवी…