हीरा खोदकर हारे पन्ना-वासी
पिछले दिनों छतरपुर जिले के बक्सवाहा इलाके में हीरा उत्खनन को लेकर भारी बवाल मचा था। कई पर्यावरणविदों ने पानी के लिए तरसते बुंदेलखंड में जंगल कटाई का विरोध किया था तो अनेक स्थानीय लोगों ने रोजगार के लिए इस…
प्राणवायु के लिए प्राण देते समय में हीरे की अहमियत
हीरा उत्खनन के लिए सस्ती कीमत पर दिए जा रहे बुंदेलखंड के जंगलों ने एक तरफ ऑक्सीजन यानि प्राणवायु और दूसरी तरफ अमीरों के श्रंगार में जरूरी हीरे को एक-दूसरे के सामने खडा कर दिया है। अब हमारी सरकार, सेठ…
आत्मनिर्भर भारत में बंद होता ‘हथकरघा बोर्ड’
हमारे यहां समाज, संस्कृति और श्रम की एक धुरी हस्तशिल्प भी रही है। इसीलिए आजादी के पहले और बाद में भी हथकरघा उत्पादन स्थानीय संसाधनों के उपयोग, निजी श्रम और आपसी लेन-देन की खातिर अहमियत पाते रहे हैं। अब हस्तशिल्प…


