वन और वन्यप्राणियों से लेकर अपने समय और समाज को हथेली पर बांचने वाली ‘घुमंतू और विमुक्त’ महिलाऐं, अपने घर-परिवारों के साथ अक्सर रास्तों के किनारे अस्थायी बस्तियों में दिखाई दे जाती हैं। सहज, नैसर्गिक जीवन के अभावों से जूझती…
नई दिल्ली, 27 मार्च। केंद्र सरकार की चुप्पी के चलते देशभर में लाखों आदिवासी और वनवासी समुदायों पर बेदखली का खतरा मंडरा रहा है। देश के सौ से अधिक जन संगठनों ने केंद्र और राज्य सरकारों से अपना संवैधानिक कर्तव्य…
ज्ञानपीठ पुरस्कार विजेता विनोद कुमार शुक्ल के साहित्य में सामाजिक-राजनीतिक संघर्षों की अनुपस्थिति को लेकर बहस छिड़ी है। यह बहस साहित्यकार की सामाजिक जिम्मेदारी और उसकी व्यक्तिगत रचनात्मक स्वतंत्रता के बीच संतुलन का सवाल उठाती है। सवाल है क्या हर…
रंगमंच केवल मनोरंजन का माध्यम नहीं, बल्कि समाज, संस्कृति और संवेदना का जीवंत प्रतिबिंब है। विश्व रंगमंच दिवस (27 मार्च), जिसे 1961 में इंटरनेशनल थिएटर इंस्टीट्यूट ने स्थापित किया, रंगमंच की गरिमा, प्रभाव और उसकी वैश्विक भूमिका को रेखांकित करने…
कुमार कृष्णन सितंबर 2024 के आखिरी दिनों में नेपाल और बिहार के कई इलाकों में भारी बारिश के बाद कोसी क्षेत्र में दशकों बाद आई विनाशकारी बाढ़ के लोंगों की ज़िन्दगी को तहस नहस कर डाला। इस बार तटबंध और…
नई दिल्ली, 25 मार्च। पूर्व ओडिशा उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति मुरलीधरन को केंद्रीय गांधी स्मारक निधि का नया न्यासी नियुक्त किया गया है। उनकी नियुक्ति का स्वागत करते हुए निधि के अध्यक्ष रामचंद्र राही, सचिव संजय सिंह, राष्ट्रीय…
एसोसिएशन ऑफ डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स की रिपोर्ट के अनुसार 543 लोकसभा सदस्यों में से 251 (46 प्रतिशत) के खिलाफ आपराधिक मामले दर्ज हैं। उनमें से 27 को दोषी ठहराया गया है। रिपोर्ट के अनुसार लोकसभा में चुने जाने वाले आपराधिक आरोपों का सामना कर रहे उम्मीदवारों की…
बुनियाद कार्यशाला के लिए युवा कार्यकर्ताओं और छात्रों से आवेदन आमंत्रित पालमपुर, 25 मार्च 2025 सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक असमानताओं को समझने और उनसे निपटने के लिए युवाओं को तैयार करने हेतु ‘बुनियाद’ नामक कार्यशाला का आयोजन किया जा रहा…
हमारी आजादी के आंदोलन में अनेक जीवट की शख्शियतों ने हिस्सेदारी की थी। उनमें से एक थे – गणेश शंकर विद्यार्थी। हमारी पत्रकारिता की शुरुआत विद्यार्थी जी सरीखे निष्ठावान संपादकों से हुई थी, लेकिन वे आजादी के एक ऐसे सिपाही…
तरुण भारत संघ के स्वर्ण जयंती वर्ष पर “पानी पंचायत” पुस्तक का भव्य विमोचन नई दिल्ली, 23 मार्च। जल संरक्षण के क्षेत्र में पिछले पाँच दशकों से महत्वपूर्ण कार्य कर रहे तरुण भारत संघ (तभासं) के स्वर्ण जयंती वर्ष के…