यह सोचना बेहद डरावना है कि आज का पर्यावरण विनाश, जलवायु परिवर्तन हमारी अगली पीढ़ी को बर्बाद कर सकता है। ऐसे में क्या हमें अपने युवाओं, बच्चों को भी इसकी समझ बनाने और उसे समय रहते सही करने की जरूरत…
गंगा की अविरलता को बरकरार रखने के लिए 111 दिन के अपने उपवास के बाद प्राण त्यागने वाले प्रोफेसर जीडी अग्रवाल उर्फ स्वामी ज्ञानस्वरूप सानंद ऐसे बिरले लोगों में हैं जिन्होंने गंगा को जीवित रखने के लिए विज्ञान और आध्यात्म…
गांधीवादी, समाजकर्मी शोभना रानाडे का 99 वर्ष में निधन पुणे, 4 अगस्त। गांधीवादी विचारों की प्रचारक, वरिष्ठ सामाजिक कार्यकर्ता, दूरदर्शी गांधीवादी, पद्मभूषण श्रीमती शोभना रानडे का 4 अगस्त 24 को प्रातः पुणे में निधन हो गया। पूना में जन्मीं शोभना…
दिल्ली में नकली केदारनाथ धाम खड़ा करने के मंसूबे बांधने वाले हमारे समाज को ग्यारह साल पहले उत्तराखंड के असली केदारनाथ धाम में हुई भीषण त्रासदी कितनी याद है? क्या तीर्थाटन को मौज-मस्ती के पर्यटन में तब्दील करते लाखों-लाख कथित…
मौजूदा कृषि कितनी जहरीली है और उसकी पैदावार के कितने खतरनाक प्रभाव हो रहे हैं, इसे जानने के लिए किसी रॉकेट साइंस की जरूरत नहीं है। सवाल है, क्या हम अपने आसपास से लगाकर वैश्विक स्तर के अनुभवों से सीखकर…
अध्ययन के अनुसार 1947 में कोई एक हजार के करीब नलकूप पूरे देश में थे, जिनकी संख्या अब कई करोड़ हो गई है। सस्ती अथवा मुफ्त बिजली देने से नलकूपों की संख्या में और बढ़ोत्तरी हुई है। पंजाब और मध्यप्रदेश की सरकारों ने…
जनहित बताकर रची जाने वाली सरकारी योजनाएं असल में भ्रष्टाचार, लापरवाही और आम हितग्राहियों की बेशर्म अनदेखी के चलते आमतौर पर नकारा साबित होती हैं। हाल का उदाहरण घर-घर पानी पहुंचाने की खातिर बनाए गए ‘जल जीवन मिशन’ का है…
राम गोपाल पाण्डेय दिन दूनी, रात चौगुनी बढ़ती मंहगाई और नतीजे में जीवन यापन की अकल्पनीय मुश्किलों के बीच अचानक वैधानिक न्यूनतम मजदूरी भी घटा दी जाए तो क्या होगा? एक तो वैसे भी नियोक्ता कम-से-कम मजदूरी देकर पैसा बचाने…
कई अध्ययनों में बताया जा रहा है कि 2024 का साल ज्ञात इतिहास का सर्वाधिक गरम साल रहा है। ऐसे में इंसानी वजूद के लिए क्या किया जाना चाहिए? विकास की मौजूदा खाऊ-उडाऊ अवधारणा को फौरन से पेश्तर बदल डालने…
मानसून आते ही बादल फटना आजकल आम है। भारी मात्रा में कम समय की ये तेज वर्षा बाढ़, भू-स्खलन और बिजली गिरने की वजह बनती है। विडम्बना यह है कि आसमानी पानी के ये करतब इंसानी कारनामों के नतीजे में…