Year: 2024

मुद्दा : जाति-जनगणना की जरूरत

लोक-कल्याणकारी राज्य में नागरिकों को दी जाने वाली सुख-सुविधाएं समाज के विभिन्न तबकों की आबादी, हैसियत और जरूरत के आधार पर तय की जाती हैं, लेकिन यदि सरकार और नीति-निर्धारकों के पास इन तबकों की आबादी का ठीक आंकडा ही…

वायनाड त्रासदी : पानी की भी याददाश्त होती है !

मारिया टेरेसा राजू पिछले महीने केरल के वायनाड जिले में हुई भीषण त्रासदी के लिए वैज्ञानिकों ने विकास के मौजूदा मॉडल को जिम्मेदार ठहराया है। ‘पश्चिमी घाट’ को लेकर गहन अध्ययन करने वाले प्रोफेसर माधव गाडगिल ने भी कहा है…

एक डॉक्टर की डरावनी मौत : इंसानियत से गिरता इंसान 

कोलकाता के ‘राधा-गोविंद कर अस्पताल’ की प्रशिक्षु डॉक्टर की बलात्कार के बाद की गई वीभत्स हत्या ने एक बार फिर समूचे देश को हिला दिया है, लेकिन क्या यह देश-व्यापी उथल-पुथल किसी कारगर नतीजे तक पहुंच पाएगी? क्या हमारी सरकार…

आजाद भारत में विकलांग बच्चों की चुनौतियां

शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं तक विकलांग बच्चों की पहुँच अभी भी एक बड़ी चुनौती बनी हुई है। हालांकि सरकार ने विकलांग बच्चों के लिए मुफ्त और अनिवार्य शिक्षा की कई योजनाएँ चलाई हैं, लेकिन इन योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन नहीं हो…

अंतर्राष्ट्रीय : पेयजल भी इजरायली हथियार है

फिलिस्तीन के साथ जारी घमासान में इजरायल पानी सरीखी बुनियादी जरूरत हथियार की तरह इस्तेमाल कर रहा है और इसमें इजरायल की सरकारी कंपनी ‘मेकोरोट’ ने मार्चा संभाला है। क्या यह किसी भी तरह से स्वीकार्य होना चाहिए? इजरायल की…

उत्तराखंड और हिमाचल : आपदा की आवाजाही

हिमालय और उसके राज्यों की मौजूदा आपदाएं आत्महंता विकास के विकराल नमूने बनते जा रहे हैं। इंसान अपना अंत किस नासमझी से जानबूझकर रचता है इसे देखना-समझना हो तो हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड राज्यों की मौजूदा हालातों का जायजा लिया…

संरक्षित जंगलों में असुरक्षित आदिवासी

पिछले कुछ सालों से आदिवासियों, वन-निवासियों की एकजुटता, संघर्ष और लगातार बढ़ती ताकत के चलते उनके हित में अनेक कानून बने हैं, सरकारें भी उन्हें संरक्षण देने की घोषणाएं करती रहती हैं, लेकिन क्या सचमुच इन प्रयासों से आदिवासियों का…

सार्वजनिक स्वास्थ्य प्रणाली जवाबदेह हो, स्वास्थ्य सेवाओं का निजीकरण बंद हो

‘सभी के लिए स्वास्थ्य आंदोलन’ द्वारा राष्ट्रीय कन्वेंशन का आयोजन दिल्‍ली। 24 अगस्त। देश भर से 13 राज्यों के प्रतिनिधि, विभिन्न नेटवर्क और अन्य नागरिक समाज संगठनों के प्रतिनिधि सार्वभौमिक स्वास्थ्य देखभाल के प्रति अपनी प्रतिबद्धता और एकजुटता जाहिर करने…

स्वाधीनता याने आत्मा की स्वाधीनता                 

जयप्रकाश नारायण 9 अगस्त को अगस्त क्रांति दिवस स्वाधीनता मेरे लिए कई अर्थ रखती है । पर सबसे अधिक मेरे लिए यह आत्मा की स्वाधीनता का अर्थ रखती है, विचारों की स्वाधीनता का और तब कहीं जाकर कर्म की स्वाधीनता…

सर्वोच्च न्यायालय ने एनजीटी को सिलिकोसिस से ग्रस्त उद्योगों के प्रभाव की निगरानी का दिया जिम्‍मा

सिलिकोसिस मामले में सर्वोच्च न्यायालय का महत्‍वपूर्ण फैसला दिल्ली, 7 अगस्त 2024। सर्वोच्च न्यायालय में सिलिकोसिस पीड़ितों के हक के लिए चल रही एक जनहित याचिका के सिलसिले में 6 अगस्त 2024 को न्यायालय की युगल पीठ जस्टिस विक्रम नाथ…