Peace and justice

आज दुनिया को एक ग्लोबल विलेज की तरह सामूहिक जिम्मेदारी से चलाने की आवश्यकता

‘वर्तमान दौर में शांति और मानव गरिमा’ विषय पर आयोजित जन-संवाद में डॉ. एवलिन ग्रेडा लिंडनर इंदौर, 2 फरवरी। एक व्यक्ति, समाज और राष्ट्र के रूप में हमें सामूहिक जिम्मेदारी से गरिमामय वैश्विक सहयोग की ओर बढ़ना होगा। दुनिया को…

मणिपुर के महामहिम राज्यपाल के साथ गांधीजनों की शांति प्रयासों को लेकर सकारात्मक चर्चा

गांधीवादी संगठनों का प्रतिनिधि मंडल शांति संदेश के साथ मणिपुर पहुंचा मणिपुर, 1 अगस्‍त। देश के विख्यात गांधीवादी एवं चंबल में गांधीवादी प्रयासों से शांति का प्रयोग करने वाले राजगोपाल पीव्‍ही के आव्‍हान पर तीन सदस्यीय शांति प्रतिनिधि मंडल को…

देश के 3200 से अधिक सामाजिक कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रपति से की मणिपुर का दौरा करने और प्रताड़ित कुकी महिलाओं के अधिकारों की रक्षा की अपील

जवाबदेही सुनिश्चित करने और हिंसाग्रस्त राज्य में शांति और न्याय की बहाली सुनिश्चित करने का अनुरोध 23 जुलाई, 2023। जन आंदोलनों का राष्ट्रीय समन्वय (NAPM) समेत देश भर के सैकड़ों आंदोलनों और संगठनों का प्रतिनिधित्व करते हुए करीब 3,200 से…

निर्मला देशपांडे : आजीवन शांति और न्याय के लिए प्रतिबद्ध रहीं

निमिषा सिंह निर्मला देशपांडे Nirmala Deshpande का व्यक्तित्व बहुआयामी था। उन्होंने अपने विचारों एवं कार्यों से गांधी और विनोबा को जोड़ने का कार्य किया। गांधी विचार के मूल तत्व संवाद को इन्‍होंने ‘गोली नही बोली चाहिए’ का रूप देकर विपरीत…

वर्ष 2023 का निवानो शांति पुरस्कार प्रख्यात गांधीवादी राजगोपाल पी.व्ही. को दिये जाने की घोषणा

टोक्यो में 11 मई 2023 को दिया जायेगा पुरस्‍कार प्रख्यात गांधीवादी, सर्वोदयी नेता एवं एकता परिषद के संस्थापक और श्री राजगोपाल पी.व्ही. को न्याय और शांति की सेवा में उनके असाधारण कार्य के लिए दुनिया की प्रतिष्ठित संस्था निवानों पीस…

शांति की लक्ष्मण-रेखा का विवेक जगाता गांधी-जनों का आह्वान

शांति सबसे बड़ा मानवीय धर्म है देश भर के वरिष्‍ठ  विशिष्ट गांधीजनों ने चिंता जाहिर की है कि देश में यहां-वहां से लगातार ऐसी खबरें आ रही हैं जो बताती हैं कि भारतीय समाज के ताने-बाने को कमजोर करने की…

डाकू आत्‍म समर्पण के 50 बरस : चंबल में अहिंसा के प्रयोग

चंबल घाटी की दस्यु समस्या के समाधान के लिए जो काम सरकारें सदियों से नहीं कर पाई वह कार्य सर्वोदय कार्यकर्ता करने में सफल रहे। मैत्री से ही मिटे बैर को बाबा विनोबा तथा लोकनायक जयप्रकाश नारायण के नेतृत्व में…

युद्ध की बजाए अहिंसा से ही संभव है, शांति और न्याय

दुनियाभर की लोकतांत्रिक व्यवस्थाओं तक में राजसत्ता की ताकत को आमतौर पर हिंसक क्षमताओं, युद्धों में जीतने की सतत सैनिक तैयारी और उनके लिए साल-दर-साल बढ़ते वार्षिक बजट से ही मापा जाता है। लेकिन क्या इस उन्मादी अभियान से हम…