जलवायु परिवर्तन के कारण जल संसाधनों पर दबाव बढ़ता रहेगा और बढ़ते तापमान से सूखे की स्थिति पैदा होगी। जिससे मीठे पानी के महत्वपूर्ण स्रोत प्रभावित होंगे। संयुक्त राष्ट्र कार्यक्रम (यूएनईपी) का मानना है कि पानी के बाद रेत सबसे…
पिछली दो-ढाई सदी में सूचना – प्रौद्योगिकी ने कमाल की प्रगति की है, लेकिन उसी अनुपात में इस तकनीक ने जैविक, इंसानी जीवन के लिए खतरे भी खडे कर दिए हैं। क्या हैं ये खतरे? और किस तरह से मानव…
सत्तर के दशक से जोर पकड़ते पर्यावरण-प्रदूषण ने अब ऐसे ‘जलवायु परिवर्तन’ climate change तक की यात्रा पूरी कर ली है जिसमें माताएं बच्चों को जन्म तक देने से बचना चाहती हैं। उनका कहना है कि प्राकृतिक संसाधनों के अंधाधुंध…
यदि हम कार्बन डाईऑक्साइड उत्सर्जन के मौजूदा स्तर को लगभग 10 प्रतिशत यानी 4 अरब टन प्रति वर्ष तक कम करते हैं तो 10 लाख टन हटाने में सक्षम एक डीएसी संयंत्र हमें 13 मिनट के बजाय 2 घंटे से…
हाल ही में जलवायु मॉडलों की मदद से किए गए कुछ अध्ययनों के निष्कर्ष प्रकाशित हुए हैं। एक अध्ययन का दावा है कि आर्कटिक वर्षा अपेक्षा से काफी पहले 2060 के दशक तक ही प्रभावी हो जाएगी जबकि एक अन्य…
वैकल्पिक विकास पर विश्वास करने वाले व्यक्तियों, आंदोलनों और संस्थाओं के नेटवर्क ‘विकल्प संगम’ ने हाल ही में पेश किये गए देश के आम बजट का पर्यावरण की नज़र से विश्लेषण किया है।‘विकल्प संगम’ के विश्लेषण का ईशान अग्रवाल द्वारा…
छतरपुर जिले के बक्सवाहा में हीरे के लिए काटे जाने वाले जंगलों की कीमत आखिर क्या है? जिस तरह हीरे की कीमत उसकी कठोरता और चमक आदि के आधार पर तय की जाती है, ठीक उसी तरह पेडों की कीमत…
“दुनिया के सबसे धनी देशों के रहने वाले अधिसंख्य लोग भी ठीक वहीं बात महसूस करते हैं,जो हम कर रहे हैं। वे धरती की स्थिति को लेकर चिंतित हैं और इसे बचाना चाहते हैं।मुझे लगता है कि इससे दुनिया भर…
विडंबना है कि मानव सभ्यता की समाप्ति का संकट खुद मानव-निर्मित हो गया है। मसलन – लगातार बढ़ते चक्रवात, वायुमंडल और समुद्र के बढ़ते तापक्रम की वजह से पैदा हो रहे हैं और तापक्रम बढ़ने की वजह रोजमर्रा की मानवीय…
मीथेन की वातावरण में ऊष्मा बढ़ाने की ताकत कार्बन डाइऑक्साइड के मुकाबले 28 गुना ज्यादा होती है जलवायु परिवर्तन के सन्दर्भ में जारी आईपीसीसी की रिपोर्ट में पहली बार, कम समय तक अस्तित्व में रहने वाली ग्रीन हाउस गैसों की जलवायु…