वैश्विक पर्यावरण

मध्यप्रदेश के बकस्वाहा जंगल के काटने की खबर पर गोलबंद हुए देश भर के पर्यावरण प्रेमी

करीब 382 हेक्टेयर पर लगे जंगल पर है नजर महज चंद लाभ के लिए पर्यावरण से हो रही छेड़छाड़ मध्यप्रदेश के छतरपुर जिले के बकस्वाहा जंगल को काटे जाने की खबर पर देश भर के पर्यावरण प्रेमी गोलबंद होने लगे…

जलवायु परिवर्तन : जीवन के खिलाफ जीवन-पद्धति

तरह-तरह की वैज्ञानिक, पर्यावरणीय और समाजशास्त्रीय शोधें चीख-चीखकर बता रही हैं कि हमारी मौजूदा जीवन पद्धति दरअसल आत्महंता है और इसे बरकरार रखा गया तो बहुत जल्द मानव जाति को अपने अस्तित्व के संकट से दो-चार होना पडेगा। क्या हम…

डेविड एटनबरो : प्रकृति और पर्यावरण के लिए मानवीय चेतना को सजग रखने वाले शख्सियत

मशहूर प्रकृतिवादी और प्रसारक सर डेविड एटनबरो आज 95 साल के हो गए प्राकृतिक इतिहासकार डेविड एटनबरो अपने बीबीसी प्रकृति वृत्तचित्रों के लिए सबसे अधिक जाने जाते हैं। वह एक प्राकृतिक इतिहासकार और एक अंग्रेजी प्रसारक हैं। प्राकृतिक दुनिया के…

खतरनाक मीथेन गैस उर्त्‍सजन रोकने से हर साल ढाई लाख से ज़्यादा मौतों को रोक सकते है: संयुक्त राष्ट्र

संयुक्त राष्ट्र की नेतृत्व में क्लाइमेट एंड क्लीन एयर कोएलिशन (जलवायु और स्वच्छ वायु गठबंधन) द्वारा जारी एक नई रिपोर्ट के अनुसार, हमारे लिए मौजूदा मीथेन न्‍यूनीकरण के उपाय सन् 2045 तक जलवायु परिवर्तन को 0.3 डिग्री सेल्सियस तक सीमित…

प्रदूषण से पस्त होते मौलिक अधिकार

प्रकृति को ‘प्रसाद’ मानने और उसी लिहाज से उसके ‘फलों’ का उपभोग करने की नैतिक, आध्यात्मिक निष्ठा के अलावा बीसवीं सदी में रचा गया हमारा संविधान भी पर्यावरण को लेकर खासा सचेत है। उसके कई हिस्से जल, जंगल, जमीन, वायु…

कोराना काल में प्राणवायु के लिए पेड़

कोविड-19 महामारी के इस दौर में जिस अदृश्‍य, अ-स्पर्शनीय, गंधहीन और केवल महसूस की जाने वाली प्राणवायु यानि ऑक्सीजन की शिद्दत से जरूरत महसूस की जा रही है, वह अपने आसपास की वनस्पतियों, पेडों में भरपूर मौजूद है। लेकिन क्या…

वायरस से बचने के लिए जैव-विविधता

कोरोना वायरस की भीषण चपेट में फंसी दुनिया को आखिर इससे किस तरह निजात मिल सकेगी? साफ दिखाई देता है कि इस तरह के अनेक संकटों से बचने के लिए हमें ‘कोरोना बाद’ की ऐसी बदली हुई दुनिया के बारे…

साफ पर्यावरण के लिए भी याद किया जाएगा, लॉकडाउन

कहावत है कि ‘फिसल पडे की हर गंगा,’ यानि गलती से फिसल गए तो हर गंगा कहकर डुबकी मार ली और पुण्‍य कमा लिया। कोविड-19 के दौर में कुछ ऐसा ही हुआ है। बीमारी से बचने की खातिर देशभर में…

पृथ्‍वी दिवस : पेड़ लगाने का पराक्रम

22 अप्रैल : विश्‍व पृथ्‍वी दिवस पर विशेष प्रकृति को पस्त करके विकसित होने की मारामार में लगा कथित आधुनिक समाज अपने को कालजयी मानने की गफलत भी पाले रहता है, हालांकि उसे अक्सर अपनी इस मान्यता की कीमत भी…

आईये, जाने दुनिया के सबसे बड़े नागरिक आयोजन ‘पृथ्वी दिवस’ (World Earth day) के बारे में

पृथ्वी पर प्रकति का संतुलन बनाये रखने तथा भविष्य में जीवन जीने के लिए प्राकृतिक संपत्ति व संसाधनों को बनाये रखना अति आवश्यक है। धरती को बचाने का आशय है इसकी रक्षा के लिए पहल करना। पृथ्वी हमारा घर है और…