आज, महात्मा गांधी को विदा हुए सात दशकों बाद, कोई यदि उन्हें समझना, आत्मसात करना और जीवन में उतारना चाहे तो क्या करे? गांधी को साक्षात देखने और साथ काम करने वाले संगी-साथी और उनकी बनाई संस्थाएं अब नकारा हो…
प्रशांत भूषण द्वारा स्वीकार की जाने वाली सजा लोगों के मन से सविनय प्रतिकार के फलस्वरूप प्राप्त हो सकने वाले दंडात्मक पुरस्कार के प्रति भय को ही कम करेगी। जैसे महामारी पर नियंत्रण के लिए उसके संक्रमण की चैन को…
महात्मा गांधी शोधपीठ में गांधीवादी दर्शन के सामाजिक, आर्थिक एवं राजनीतिक आयामों पर वक्ताओं के उद्गार इंदौर, 22 अगस्त। वर्तमान समय में अगर हमें महात्मा गांधी के दर्शन को जीवित रखना है तो हमें उनके विचारों एवं मूल्यों की प्रासंगिकता…
22 अगस्त को आचार्य विनोबा भावे की 125वीं जयंती पर विनोबा विचार प्रवाह अंतर्राष्ट्रीय संगीति में साधिका सुश्री गंगा बहन इतिहास स्वयं को हिंसा के रूप में नहीं दोहराता है बल्कि उसका दर्शन अहिंसा में भी होता है। चंबल घाटी…
नर्मदा बचाओ आंदोलन के 35 बरस ‘सरदार सरोवर’ के प्रभावितों-विस्थापितों को पैंतीस साल पहले पुनर्वास के जो रंगीन सपने दिखाए गए थे, ठीक उसी तर्ज पर चालीस-पैंतालीस साल पहले तवा के विस्थापितों को भी ललचाया गया था। विस्थापन के नाम…
इस समय कोरोना संक्रमण के दुनिया भर में प्रतिदिन के सबसे ज़्यादा मरीज़ हमारे यहीं प्राप्त होने के साथ ही सरकार को और भी ढेर सारी समस्याओं से जूझना पड़ रहा है। इनमें चीन द्वारा लद्दाख़ में हमारे स्वाभिमान पर…
20 राजनैतिक दलों के वरिष्ठ नेताओं ने प्रशांत भूषण के साथ एकजुटता जाहिर की प्रशांत भूषण पिछले तीन दशकों से संवैधानिक और लोकतांत्रिक मूल्यों के लिए संघर्षरत रहे हैं, इसके बावजूद उनके ट्वीट को सकारात्मक आलोचना की जगह बदनियति पूर्ण…
आचार्य विनोबा भावे की 125वीं जयंती पर ‘विनोबा विचार प्रवाह’ अंतर्राष्ट्रीय संगीति में जस्टिस धर्माधिकारी 20 अगस्त। विचारों पर किसी का एकाधिकार नहीं हो सकता। इसे आश्रमों में कैद नहीं किया जा सकता। इसका प्रवाह निरंतर बना रहना चहिए। आरोग्य…
कुछ दिन पहले उत्तराखंड के ख्यात सामाजिक कार्यकर्ता त्रेपन सिंह चौहान हमसे सदा के लिए विदा हुए हैं। प्रस्तुत है, उनके साथी रहे सुरेश भाई के ये संस्मरण। हिमालय पर्वत की तरह अपने ही स्थान पर अडिग रहने वाले त्रेपन…
20 अगस्त’ : ‘नेशनल साइंटिफिक-टेम्पर दिवस’ श्याम बोहरे कई घटनाओं को देखकर हमारे मन में कई सवाल उठते होगें। उन सवालों को दबाने की बजाय उन पर और विचार करना, उन्हें और विकसित होने देना और उनसे सीख पाना एक तार्किक तरीका है जो…