इन्फ्लुएंसमैप एक लंदन स्थित थिंक टैंक है, जो ऊर्जा और जलवायु परिवर्तन से संबंधित मुद्दों पर विश्लेषण प्रदान करता है, व्दारा हाल ही में किये एक ताज़ा शोध से पता चलता है कि फेसबुक पर जीवाश्म ईंधन (fossil fuel) से…
नासा के आधिकारिक आकंड़ों के अनुसार वेनेज़ुएला की झील मैराकाइबो का नाम सबसे ज़्यादा बिजली चमकने वाले स्थान के तौर पर गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में दर्ज है। यहां प्रत्येक साल प्रत्येक किलोमीटर पर 250 बार बिजली चमकती है।…
यूरोपीय आयोग ने दावा किया है कि जलवायु परिवर्तन रोकने के लिए उसकी तरफ से पेश योजना दुनिया की इस मकसद से बनाई गई सबसे महत्वाकांक्षी योजना है। इसके तहत साल 2030 तक ग्रीन हाउस गैसों के उत्सर्जन में 55…
ग्लोबल वार्मिंग की वजह से होने वाली चरम घटनाओं का कृषि पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ा, विशेष रूप से भारत के लिए जहां अभी भी खेती की भूमि का एक बड़ा हिस्सा मानसून की बारिश पर निर्भर है। भारत एक…
जलवायु परिवर्तन के कारण तटीय भारत में उष्णकटिबंधीय चक्रवात बढ़ रहे हैं, अनियोजित विकास इन शहरों की भेद्यता में इजाफा करता है। उदाहरण के लिए, पिछले एक दशक में भारत में बाढ़ से 3 अरब डॉलर की आर्थिक क्षति हुई…
जलवायु परिवर्तन का मौसम की बदलती तर्ज से गहरा नाता है और यह ताकतवर चक्रवाती तूफानों तथा बारिश के परिवर्तित होते कालचक्र से साफ जाहिर भी होता है। इसका विनाशकारी रूप अब दक्षिण पश्चिमी मानसून पर भी असर डालता दिख…
यूके, यूएस, कनाडा, जापान, फ्रांस, इटली और जर्मनी के पर्यावरण मंत्रियों ने वर्चुअली बैठक में लिया हिस्सा वैश्विक तापमान को दो डिग्री सेल्सियस तक सीमित करने के अपने पिछले लक्ष्य के मुक़ाबले एक बेहद महत्वाकांक्षी लक्ष्य पर सहमत होते हुए…
‘नेचर’ में प्रकाशित ऑक्सफोर्ड शोध का विश्लेषण हाल ही में ‘नेचर’ में प्रकाशित ऑक्सफोर्ड शोध के मुताबिक ‘नेचर-बेस्ड सॉल्यूशंस’ (NBS) याने प्रकृति-आधारित समाधान इस सदी के अंत तक जलवायु परिवर्तन के खिलाफ लड़ाई में योगदान कर सकते हैं। शोध विश्लेषण…
22 अप्रैल : विश्व पृथ्वी दिवस इक्कीसवीं सदी आते-आते पर्यावरण की बदहाली ने हमें लगातार उसे याद रखने की मजबूरी के हवाले कर दिया है। विश्व पृथ्वी दिवस को वैश्विक जलवायु (Global warming) संकट के प्रति जागरुकता लाने के…
इन दिनों देश में विकास का प्रकृति, पर्यावरण के साथ जबरदस्त संघर्ष चल रहा है। मानो एक युद्ध ही अनवरत चल रहा हो। आज की इन परिस्थितियों में ’विकास’ हमारी दुनिया का सबसे अधिक भ्रमपूर्ण शब्द बन गया है। आँखों…