बजट

हमारा पैसा हमारा हिसाब : पोस्ट -बजट एपिसोड

बजट 2022 के बाद ‘हमारा पैसा हमारा हिसाब’ श्रृखंला में अब की बार पोस्‍ट बजट की बारीकियों को जाने का प्रयास करेंगे। आप देखेंगे कि केंद्रीय बजट महामारी ग्रस्त देश को कुछ राहत नहीं दिला पाया। पर जमीन की सच्चाईयों…

कार्पोरेटीकरण को बढ़ावा तथा गरीबों, किसानों को लूटने वाला है यह बजट : मेधा पाटकर

3 फरवरी । नर्मदा बचाओ आंदोलन की नेत्री और प्रखर वक्‍ता सुश्री मेधा पाटकर एवं सामाजिक कार्यकर्ता देवराम कनेरा, कैलाश यादव, राजा मंडलोई ने बजट पर टिप्‍पणी करते हुए कहा कि पिछले सालभर से अधिक समय जीवटता और शहादत के…

कोविड संकट के बावजूद स्वास्थ्य बजट में गिरावट, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन की अनदेखी : जन स्वास्थ्य अभियान

सार्वजनिक स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने स्वास्थ्य बजट और बढ़ाने की मांग की है, जन स्वास्थ्य अभियान के अनुसार, कुल बजट में स्वास्थ्य का हिस्सा पिछले वर्ष की तुलना में 2.35% से घटकर 2.26% हो गया है। इसका मतलब यह भी है…

पाखंडी टोटकों की तरह वापरने और पूजने वाले महात्मा गांधी

संसद में बजट प्रस्तुत करने वाली देश की वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण के पास इस सहज सवाल का कोई जबाव है कि देश के कुल 63 अमीरों के पास उन्हीं के पिछले साल पेश किए गए केन्द्रीय बजट से ज्यादा सम्पत्ति…

बजट 2022, लोग क्या चाहते हैं? | हमारा पैसा हमारा हिसाब

सेंटर फॉर फाइनेंशियल अकाउंटेबिलिटी एक स्वतंत्र मंच है जिसका उद्देश्य भारत के भीतर वित्तीय जवाबदेही को मजबूत और बेहतर बनाना है। संस्‍था ने बजट 2022 के पूर्व हमारा पैसा हमारा हिसाब श्रृखंला में देश के आम जन बजट से क्‍या…