वर्ष 1960 में मई की पहली तारीख, यानि ‘अंतरराष्ट्रीय मजदूर दिवस’ पर शुरु हुआ ‘सर्वोदय प्रेस सर्विस’ अब अपने करीब 66 वर्ष सफलतापूर्वक पूरे कर कर रहा है। इस मौके पर प्रस्तुत है, ‘सप्रेस’ के पुराने साथी, लेखक भारत डोगरा…
मजदूर संगठनों पर एक आरोप यह भी लगता रहा है कि वे अपने वेतन-भत्तों, सुविधाओं और अधिक-से-अधिक काम तथा रहन-सहन की परिस्थितियों यानि कि एक तरह के ‘अर्थवाद’ से बाहर नहीं निकल पाते, लेकिन क्या यह सही है? भारत समेत…
पश्चिम एशिया में जारी भीषण मारकाट का खलनायक और अमेरिका समेत तमाम खाड़ी के देशों को हांकने वाला इजरायल आखिर दूर-दराज के उस इलाके में पैदा कैसे हुआ? क्या जहां वह है, वह उसकी पारंपरिक ‘पितृ-भूमि’ है? क्या है, इजरायल…
भारतीय दूरसंचार क्रांति के जनक सैम पित्रोदा ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को लेकर एक गंभीर बहस छेड़ दी है। मीडिया स्वराज के संपादक राम दत्त त्रिपाठी से एक साक्षात्कार में पित्रोदा ने आगाह किया कि एआई न केवल रोजगार के…
जीवन की अमूल्य जरूरत पानी के प्रति हमारी बेपरवाही ने अब ना तो उसे पर्याप्त मात्रा में छोड़ा है और न ही उसकी शुद्धता बरकरार रखी है। आखिर क्यों हो रही है, पानी के प्रति यह बदसलूकी? कैसे हमारी प्यास…
यात्राएं अपने रोजमर्रा के जीवन से बाहर निकलने के अलावा बहुत कुछ सिखाती हैं। अव्वल तो हम प्रवास की उन जगहों, इलाकों के बारे में गहराई से जान पाते हैं और दूसरे वहां के समाज की समझ भी बढ़ती है।…
भागलपुर, 27 अप्रैल। गांधी शांति प्रतिष्ठान केंद्र के सभागार में “30 जनवरी” नामक राष्ट्रीय त्रैमासिक पत्रिका का लोकार्पण सामूहिक रूप उपस्थित लोगों द्वारा किया गया । दिशा ग्रामीण विकास मंच बैजानी के अकादमिक पहल के अंतर्गत इस पत्रिका का प्रकाशन…
करीब डेढ़ दशक बाद होने जा रही ‘जनगणना 2027’ में जातियों की बहुप्रचारित मर्दुमशुमारी के अलावा उन असंख्य प्रवासी-मजदूरों का भी महत्व होना चाहिए जो हमारे ‘जीडीपी’ को अनजाने में आसमान तक पहुंचाने में लगे हैं। आखिर किसी भी योजना…
भोपाल, 23 अप्रैल। मध्यप्रदेश में स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर एक गंभीर और चौंकाने वाला मामला सामने आया है। आरोप है कि एक ही एमबीबीएस डिग्री का इस्तेमाल कर दो अलग-अलग स्थानों देवास और बालाघाट में दो व्यक्ति डॉक्टर के रूप…