कमजोर और छितरी हुई सांगठनिक, राजनीतिक ताकत को अनदेखा करने की बेशर्म हरकत का ही नतीजा है कि महानगरों में सीवर-लाइन सुधारने वाले सैकडों लोग सालाना जान गंवाते हैं और कोई किसी तरह की चूं भी नहीं करता। यहां तक…