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युद्धकाल : बूचड़खाने में बदलती दुनिया

महात्मा गांधी कहा करते थे कि यदि ‘आंख के बदले आंख निकाली जाए तो अंत में समूची दुनिया अन्धी हो जाएगी।’ कौन जानता था कि गांधी की विदाई के 77 साल बाद यह बात कहावत से निकलकर कड़वी सच्चाई में…