भारत में टिकाऊ खेती और खाद्य सुरक्षा की तलाश ने जेनेटिकली मॉडिफाइड और जीनोम संपादित बीजों को चर्चा में ला दिया है। सरकार इन्हें क्रांतिकारी बताती है, लेकिन बीटी कपास और जीएम सरसों जैसी पिछली असफलताएँ चेतावनी देती हैं। सवाल…
खेती में अनेक सरकारी हस्तक्षेपों की तरह ‘जीन-संवर्धित’ बीजों को लाने के पीछे भी उत्पादन बढाने का बहाना किया जा रहा है, लेकिन क्या बिना जांच-पडताल के किसी अज्ञात कुल-शील बीज को खेतों में पहुंचाना ठीक होगा? सरसों और धान…