Gandhi 150 years

‘गांधी-150’ : अपनी अप्रासंगिकता का पड़ाव

आज, महात्‍मा गांधी को विदा हुए सात दशकों बाद, कोई यदि उन्‍हें समझना, आत्‍मसात करना और जीवन में उतारना चाहे तो क्‍या करे? गांधी को साक्षात देखने और साथ काम करने वाले संगी-साथी और उनकी बनाई संस्‍थाएं अब नकारा हो…