समाचार

भगवद्गीता असांप्रदायिक ग्रंथ है

12 अगस्‍त को विनोबा विचार प्रवाह की अंतर्राष्ट्रीय संगीति में विदुषी उषा बहन श्रीमद्भवद्गीता असांप्रदायिक ग्रंथ है। इस ग्रंथ में कहीं पर भी विचारों का आक्रमण नहीं किया गया है। यह ग्रंथ भारत ही नहीं दुनिया के चिंतकों में लोकप्रिय…

संत विनोबा इस देश के समन्वयाचार्य हैं: सुश्री ज्योत्सना बहन

विनोबा भावे की 125वीं जयंती पर विनोबा विचार प्रवाह की अंतर्राष्ट्रीय संगीति भारत को एक करने का श्रेय यहां के संतों को है। उन्होंने पूरे देश में घूमकर सद्विचारों में इसे बांध दिया है। भारत में अखंड आध्यात्मिक विचार संपदा…

‘गंगा सत्याग्रह’ के समर्थन में देशव्‍यापी सामूहिक उपवास का क्रम शुरू

गंगा नदी की आजादी और निर्मलता-अविरलता के लिए 10 अगस्त 2020 को ‘गंगा सत्याग्रह’ में देश के 108 से ज्यादा स्थानों पर स्वामी सानंद और स्वामी शिवानंद के आमरण अनशन के समर्थन में उपवास कार्यक्रम शुरू हुआ है। उल्‍लेखनीय है…

धर्म और राजनीति के स्थान पर अध्यात्म और विज्ञान को स्थापित करना समय की मांग

विनोबा विचार प्रवाह में  पवनार आश्रम की सुश्री कालिंदी बहन ने कहा आज विज्ञान से मनुष्य समाज भयभीत है। विज्ञान आक्रमण कर रहा है। दूसरी ओर राजनीतिक चिंतन संकुचितता को बढ़ावा दे रहा है। इसमें सांप्रदायिकता भी अपना योगदान दे…

जयजगत में निहित है विश्व शांति का संदेश

आचार्य विनोबा भावे की 125 जयंती वर्ष पर‘विनोबा विचार प्रवाह’ में पी.वी.राजगोपाल का व्‍याख्यान 8 अगस्त। शाहजहांपुरदेश में संतों की भूमिका को आचार्य विनोबा भावे  ने जिस ढंग से रखा वह अनुकरणीय है। उनके जीवन में कर्म, ज्ञान और भक्ति…

अब भी भारत के 11 करोड़ आदिवासियों के स्वास्थ्य पर विशेषज्ञ समिति की सिफारिशों के लागू होने का इंतजार

विश्व आदिवासी दिवस के मौके पर विशेष रिपोर्ट गढ़चिरौली ।  ठीक दो वर्ष पूर्व, अगस्त 2018 में, ‘भारत में जनजातीय स्वास्थ्य – खाई कैसे मिटायें? : भविष्य के लिये मार्गदर्शन’ नामक रिपोर्ट आधिकारिक तौर पर भारत सरकार को प्रस्तुत की…

पर्यावरण नियमों में ढील – हिमालय के लिए खतरे की घंटी

10 हिमालयी राज्यों के 50 संगठनों और पर्यावरणविदों ने भेजा केंद्रीय पर्यावरण मंत्रालय को ज्ञापन हिमालयी क्षेत्र के राज्यों के 50 से अधिक पर्यावरण समूहों, संगठनों, प्रख्यात विचारकों, बुध्दिजीवियों और कार्यकर्ताओं ने हिमालयी क्षेत्र में बढ़ते पारिस्थितिकीय  संकट और पर्यावरणीय…

अक्‍टूबर तक तैयार हो सकेगी सिलिकोसिस पीड़ितों के पुनर्वास एवं मुआवजा सम्बन्धी नीति

राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने सिलीकोसिस की समीक्षा हेतु किया वेबीनार का आयोजन राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग की अगुवाई में 28 जुलाई को प्रदेश में सिलिकोसिस की समीक्षा हेतु वेबीनार का आयोजन किया गया । इस वेबीनार में मुख्यत: सिलिकोसिस के मुद्दे…

स्वास्थ्य का मुद्दा अस्पतालों-डॉक्टरों का ही नहीं, राजनीति का मुद्दा है

कोविड 19 के सन्दर्भमें स्वास्थ्य सेवाओं के राष्ट्रीयकरण पर हुआ वेबिनार “सरकार ने सरकारी स्वास्थ्य खर्चों में कटौती करने के साथ ही स्वास्थ्य सेवाओं के निजीकरण को नीतिगत बढ़ावा दिया। देश के कुछ राज्य तो  सिर्फ निजी स्वास्थ्य सेवाओं के हवाले…

“हम देश नहीं बिकने देंगे” के नारे के साथ भूमि अधिकार आंदोलन का ऑनलाइन सम्मेलन सम्पन्न

नई दिल्लीः भूमि अधिकार आंदोलन का ऑनलाइन राष्ट्रीय सम्मेलन 12 जुलाई 20 को सम्पन्न हुआ। इस  सम्मेलन में देश के विभिन्न राज्यों के जनांदोलनों के 150 से ज्यादा प्रतिनिधियों ने हिस्‍सा लिया। सम्‍मेलन में वक्ताओं द्वारा देश के तमाम संसाधनों पर…