Day: April 9, 2022

यादें : देश के कालजयी हिंदी संपादक और चिंतक राजेंद्र माथुर

31 वीं पुण्‍यतिथि वह राजेंद्र माथुर का पहला तार था। छतरपुर जैसे छोटे से कस्बे में किसी नौजवान पत्रकार को नईदुनिया के प्रधान सम्पादक का तार। साइकिल उठाकर पूरे शहर के परिचितों को दिखाता फिरा | वो 1977 के चुनाव…

राजेंद्र माथुर को याद करना ज़रूरी हो गया है!

पुण्‍य स्‍मरण : नौ अप्रैल पत्रकारिता जब वैचारिक रूप से अपनी विपन्नता के सबसे खराब दौर से गुज़र रही हो ,संवाद-वाहकों ने खबरों के सरकारी स्टॉक एक्सचेंजों के लायसेन्सी दलालों के तौर पर मैदान सम्भाल लिए हों, मीडिया पर सेंसरशिप…