Month: December 2019

ग्रामीण पत्रकारिता के खतरे

सर्वाधिक खतरे उठाते हुए न्यूनतम संसाधनों में पत्रकारिता करने वाले हमारे कस्बाई, ग्रामीण पत्रकारों की हालत किसी से छिपी नहीं है। कई बार सत्ता और सेठों की खबर देते, लेते हुए अपनी जान तक की बाजी लगाने वाले ऐसे पत्रकारों…

असली सोना तो देश की मिट्टी है

बाजार और उसके लिए विपुल उत्पादन के हल्ले में हमारी खेती धीरे-धीरे अपनी उत्पादकता और गुणवत्ता खोती जा रही है। अब ना तो रासायनिक खाद, दवाओं, कीटनाशकों के दुष्प्रभावों से मुक्त फसलें बची हैं और ना ही उसे पैदा करने…