22 वीं अ.भा.सद्भावना व्याख्यानमाला की सप्त दिवसीय वैचारिक यात्रा का हुआ समापन उज्जैन, 26 नवंंबर। भारत में कला का उद्देश्य केवल मनोरंजन नहीं, बल्कि आत्मरंजन और ईश्वर आराधना रहा है। दुर्भाग्यवश, औपनिवेशिक शिक्षा पद्धति ने हमारे कला के प्रति दृष्टिकोण…