कटनी, 29 नवंबर। मानव जीवन विकास समिति (MJVS) ने अपनी स्थापना के 25 वर्ष पूर्ण होने पर रजत जयंती समारोह का आयोजन शहर में किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रसिद्ध गांधीवादी विचारक श्री राजगोपाल पी. व्ही. ने की। इस अवसर पर समिति के 25 वर्षीय कार्यों पर आधारित प्रगति रिपोर्ट का विमोचन भी किया गया।
समिति के सचिव निर्भय सिंह ने बताया कि MJVS का कार्यक्षेत्र प्रदेश के अनेक जिलों में फैला है, जहां संस्था 250 से अधिक गांवों में 25 हजार परिवारों के बीच स्थायी आजीविका, जल-संरक्षण और सामाजिक नेतृत्व निर्माण के लिए काम कर रही है।
समिति के अध्यक्ष बद्रीनारायण नरडिया ने कहा कि संस्था ने इन 25 वर्षों में आजीविका संवर्धन और जल संरक्षण के क्षेत्र में स्थानीय से लेकर राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर तक अपनी पहचान स्थापित की है। उन्होंने इस यात्रा को “सहयोगियों और मार्गदर्शकों के सामूहिक प्रयास का परिणाम” बताया।
गांधीवादी श्री राजगोपाल पी. व्ही. ने समिति को रजत जयंती की बधाई देते हुए कहा कि संस्था का कार्य समाज के अंतिम पायदान के व्यक्ति तक स्थायी आजीविका पहुंचाने का सशक्त प्रयास है। उन्होंने इसे “जनभागीदारी पर आधारित विकास की प्रेरक मिसाल” कहा।
कार्यक्रम में पूर्व डीजीपी अनुराधा शंकर ने बा और बापू के जीवन-संदेश को याद करते हुए समिति के कार्यों को गांधीवादी मूल्यों के अनुरूप बताया।
कृषि विभाग के उपसंचालक रामनाथ पटेल ने कहा कि संस्था का कार्य “समाजहित में प्रेरणादायी” है।
राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के रामसुजान द्विवेदी ने समुदाय के बीच संस्था की सक्रिय भूमिका की सराहना की और सरकार–समाज की साझेदारी को महत्वपूर्ण बताया।

पूर्व विधायक विजयराघवगढ़ ध्रुवप्रताप सिंह ने कहा कि “समितियां कई देखीं, पर MJVS जैसी निष्ठा कम ही देखने मिलती है।”
बड़वारा विधायक धीरेन्द्र बहादुर सिंह ने भी जल संरक्षण और सामाजिक कार्यों में सचिव निर्भय सिंह के नेतृत्व की प्रशंसा की।
सर्वोदय प्रेस सर्विस के संपादक एवं वरिष्ठ पत्रकार राकेश दीवान तथा कटनी एसपी अभिनव विश्कर्मा ने भी संस्था के प्रयासों को सराहा।
कार्यक्रम के दौरान समिति ने समाज सेवा और जल संरक्षण में सक्रिय योगदान देने वाले अपने सभी कार्यकर्ताओं को सम्मानित किया।
इस आयोजन में केरल, राजस्थान, छत्तीसगढ़, मुंबई, भोपाल और डिंडोरी से आए 20 समाजसेवियों, कटनी जिला प्रशासन के 29 अधिकारियों तथा लगभग 500 से अधिक ग्रामीणजनों ने सहभागिता की।
कार्यक्रम का समापन सामूहिक संकल्प के साथ हुआ कि आने वाले वर्षों में संस्था ग्रामीण आजीविका, जल-संरक्षण और सामाजिक सशक्तिकरण पर अपने प्रयासों को और विस्तारित करेगी।


