देशभक्ति, संस्कृति, पर्यावरण, यातायात और नागरिक बोध को जोड़ते हुए 30 जनवरी तक होंगे दस प्रमुख आयोजन
इंदौर, 11 जनवरी। गणतंत्र दिवस को केवल एक दिन का औपचारिक उत्सव न मानकर उसे जनभागीदारी, रचनात्मकता और नागरिक चेतना के महोत्सव में बदलने वाला इंदौर का ख्यातनाम ‘झण्डा ऊँचा रहे हमारा अभियान’ इस वर्ष 24वें वर्ष की ओर अग्रसर है। यह अभियान 15 जनवरी से 30 जनवरी तक चलेगा। इसकी सारथी संस्था सेवा-सुरभि, जिला प्रशासन, इंदौर पुलिस, इंदौर नगर पालिका निगम और इंदौर विकास प्राधिकरण के सहयोग से वर्ष 2002 से इस रचनात्मक परंपरा को निरंतर आगे बढ़ाती आ रही है।
सांसद शंकर लालवानी तथा सेवा-सुरभि के संयोजक ओमप्रकाश नरेडा और सचिव कुमार सिद्धार्थ ने प्रेस कांफ्रेस को संबोधित करते हुए जानकारी दी कि ‘झण्डा ऊँचा रहे हमारा’ जन-सहभाग का एक अनूठा उत्सव है, जिसमें जिला प्रशासन की सभी इकाइयाँ और सामाजिक संगठन समन्वित प्रयास के साथ पंद्रह दिनों तक कार्यक्रम आयोजित करते हैं। उद्देश्य यही है कि गणतंत्र उत्सव केवल 26 जनवरी तक सीमित न रहकर एक व्यापक सांस्कृतिक और नागरिक आंदोलन का रूप ले। इस वर्ष देशभक्ति, संस्कृति, नागरिक बोध, यातायात और पर्यावरण को केंद्र में रखकर कुल दस प्रमुख आयोजन किए जा रहे हैं।
उन्होंने बताया कि रीगल तिराहे पर स्थापित इंडिया गेट की प्रतिकृति इस अभियान का प्रतीक और शुभंकर है, जो पूरे शहर को गणतंत्र उत्सव की भावना से जोड़ती है। अभियान के दौरान प्रतिदिन सुबह 10 बजे के पूर्व सैकड़ों स्कूली बच्चे और सामाजिक संस्थाएँ यहाँ पहुँचकर देशभक्ति गीत गाते हुए अनाम शहीदों को नमन करेंगी।
अभियान के संचालन के लिए गठित समन्वय समिति में अरविंद जायसवाल, मोहित सेठ, निकेतन सेठी, अनिल गोयल, नेमिचंद जैन, मनीष ठक्कर, अरविंद तिवारी, अतुल सेठ, प्रवीण खारीवाल, कमल कलवानी और चांदमल जैन शामिल हैं।
अभियान का शुभारंभ 15 जनवरी को दोपहर 3 बजे बास्केटबॉल कॉम्प्लेक्स में होगा, जहां सेलिब्रिटी लेखक और स्तंभकार चेतन भगत “एक नागरिक के रूप में मैं क्या कर सकता हूँ” विषय पर युवाओं से संवाद करेंगे। सेवा-सुरभि, जिला प्रशासन, इंदौर मैनेजमेंट एसोसिएशन और श्री गीता रामेश्वरम ट्रस्ट के तत्वावधान में आयोजित इस व्याख्यान को भारत की आने वाली पीढ़ी को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। शुभारंभ बेला में प्रसिद्ध गायक पं. गौतम काले के संगीत गुरुकुल के विद्यार्थी वंदे मातरम् की समवेत प्रस्तुति देंगे। शहर के लगभग 20 मैनेजमेंट और इंजीनियरिंग संस्थानों के 3000 से अधिक युवा विद्यार्थी इस आयोजन में शामिल होंगे।
16 जनवरी को प्रातः 8.30 बजे एसजीएसआईटीएस के एनसीसी और एनएसएस कैडेट्स द्वारा मार्च पास्ट निकाला जाएगा। यह मार्च एसजीएसआईटीएस प्रांगण से प्रारंभ होकर इंडिया गेट पहुँचेगा, जहाँ कैडेट्स अनाम शहीदों को आदरांजलि अर्पित करेंगे। इस पहल में जैन इंजीनियर सोसायटी का सहयोग रहेगा।
17 जनवरी को प्रातः 8.30 बजे अल्पसंख्यक समुदाय के सहयोग से सैकड़ों स्कूली बच्चों की रैली गांधी हॉल से प्रारंभ होकर इंडिया गेट पहुँचेगी। इसी दिन संध्या 6.45 बजे रवीन्द्र नाट्य गृह में पुणे के कलाकारों से सजी संगीत संध्या “भारत हमको जान से प्यारा है” का आयोजन होगा। रंग-ए-महफिल और वनबंधु परिषद (इंदौर अध्याय) के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित यह कार्यक्रम आमंत्रितों के लिए रहेगा।
19 जनवरी को प्रातः 10 बजे रेसिडेंसी क्षेत्र स्थित सन्मति हायर सेकेंडरी स्कूल के सहयोग से एक परिचर्चा आयोजित होगी, जिसमें पर्यावरण विशेषज्ञ डॉ. ओ. पी. जोशी और डॉ. किशोर पंवार “पर्यावरण में पेड़ और तितलियों का संबंध” विषय पर विद्यार्थियों से संवाद करेंगे।
20 जनवरी को प्रातः 9 बजे जाल ऑडिटोरियम में अंतर-विद्यालयीन समूह देशभक्ति संगीत प्रतियोगिता होगी, जिसमें शहर के प्रमुख 15 विद्यालयों के विद्यार्थी अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे। इस आयोजन में श्री गीता रामेश्वरम ट्रस्ट के सहयोग रहेगा।
21 जनवरी को शाम 7.30 बजे स्टेट प्रेस क्लब और अभिनव कला समाज के संयुक्त तत्वावधान में अभिनव कला समाज, गांधी हॉल में नाटक “बाल भगवान” का मंचन होगा। नटराज थिएटर ग्रुप एंड फिल्म प्रोडक्शन द्वारा प्रस्तुत इस नाटक के लेखक स्वदेश दीपक और निर्देशक अर्जुन नायक हैं।
24 जनवरी को संध्या 4 बजे इंदौर प्रेस क्लब सभागार में इंस्टीट्यूट ऑफ साइंस एंड रिसर्च सेंटर, बेंगलुरु के निदेशक एवं पब्लिक ट्रांसपोर्टेशन विशेषज्ञ आशीष वर्मा “शहर का यातायात : परिदृश्य और समाधान” विषय पर अपना व्याख्यान देंगे।
25 जनवरी को संध्या 6 बजे प्रीतमलाल दुआ सभागार में शहीद सैनिक संजय मीणा के परिजनों का सम्मान किया जाएगा। इस कार्यक्रम के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को आमंत्रित किया गया है। कार्यक्रम में प्रसिद्ध गायिका स्मिता मोकाशी के शिष्य राष्ट्रीय गीतों की प्रस्तुति देंगे। इसी दिन संध्या 7.30 बजे रीगल चौराहे स्थित इंडिया गेट पर शहर के नागरिकों से आह्वान किया गया है कि वे अनाम शहीदों की स्मृति में एक-एक मोमबत्ती प्रज्वलित करें।
अभियान का समापन 30 जनवरी को प्रातः 10 बजे राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के निर्वाण दिवस पर होगा। प्रीतमलाल दुआ सभागार में “मोहन से महात्मा” शीर्षक से दास्तानगोई प्रस्तुत की जाएगी, जिसमें भारती दीक्षित अपनी प्रभावशाली प्रस्तुति देंगी।
सेवा-सुरभि का यह प्रकल्प इंदौर की सामाजिक-सांस्कृतिक पहचान का अभिन्न हिस्सा बन चुका है। वर्ष 2002 में शुरू हुआ ‘झण्डा ऊँचा रहे हमारा अभियान’ केवल एक आयोजन श्रृंखला नहीं, बल्कि नागरिक चेतना, देशभक्ति और रचनात्मक सहभागिता का सतत आंदोलन है। सेवा-सुरभि ने इसे एक अनुष्ठान का रूप दिया है, जिसमें सरकारी तंत्र और समाज एक साथ मिलकर गणतंत्र को जीवंत बनाते हैं। पिछले दो दशकों से अधिक समय से यह प्रकल्प पीढ़ियों को देश, लोकतंत्र और सामाजिक उत्तरदायित्व के प्रति संवेदनशील बनाता आ रहा है। यही इसकी सबसे बड़ी उपलब्धि और पहचान है।


