Sarvodaya Press Service

सर्वोदय प्रेस सर्विस – फीचर्स सेवा के छ: दशक

Year: 2025

बिहार :चार दशक का ‘गंगा मुक्ति आंदोलन’

सत्तर-अस्सी के दशक में देश भर में उभरे गैर-दलीय राजनीतिक आंदालनों में ‘गंगा मुक्ति आंदोलन’ अहम रहा है। स्थानीय मछुआरों के सवालों को लेकर खड़े हुए इस आंदोलन ने तरह-तरह के राजनीतिक-सामाजिक-सांस्कृतिक मुद्दों को छुआ और सफलता पाई। क्या है,…

बिहार : कहर ढा रहा एनटीपीसी का ऐश फ्लाई

गंगा मुक्ति आंदोलन की 43वीं वर्षगांठ भागलपुर के कहलगांव क्षेत्र के लोग,जीव–जन्तु और वनस्पति जगत एनटीपीसी से उत्सर्जित राख के प्रदूषण का कहर झेलने को अभिशप्त हैं। बॉटम ऐश के साथ फ्लाई ऐश मिश्रित होकर कहलगांव, पीरपैंती से सबौर तक…

Artificial Intelligence भी बर्बाद कर सकती है, पर्यावरण

मौजूदा दौर में विकास, खासकर तकनीकी विकास भस्मासुर की उस पौराणिक कथा की तरह हो रहा है जिसमें शिव को प्रसन्न करके अमरता का वरदान पाने वाला भस्मासुर तीनों लोकों समेत खुद शिव के लिए संकट बन जाता है। हाल…

NGO : समाज के लिए सेवक

सत्ता और उसके विपक्ष की राजनीतिक जमातों के अलावा समाज में एक और धारा रही है जिसे ‘गैर-सरकारी संगठन’ (NGO) या स्वयंसेवी संगठन कहा जाता है। ये समूह या संगठन समाज में राहत, सेवा, संगठन, शिक्षण और विकास के काम…

कस्‍तूरबा : गांधी संग बलिदान की अमर स्वर्ण-ज्योति

कस्‍तूरबा केवल महात्मा गांधी की जीवनसंगिनी ही नहीं थीं, बल्कि स्वतंत्रता संग्राम की एक अद्वितीय,प्रचंड क्रांतिकारी शक्ति भी थीं। उनका जीवन त्याग, निर्भीकता और अनवरत संकल्प का ऐसा ओजस्वी महाकाव्य है, जो प्रत्येक भारतीय के हृदय में प्रेरणा का अखंड दीप प्रज्ज्वलित करता…

कस्तूरबा गांधी 81 वीं पुण्यतिथि : ऐसी थीं, कस्तूरबा

मोहनदास करमचंद गांधी की महात्मा बनने तक की यात्रा में कस्तूरबा की खासी अहमियत रही है। कस्तूरबा वीरता और त्याग में अपने पति से किसी भी प्रकार कम नहीं थीं। गांधीजी ने खुद कहा है कि मैंने अंहिसा-शक्ति कस्तूरबा से…

अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के नाम पर आभासी दुनिया के अंधकार में गुम होता हमारा भविष्य

रियल लाइफ बनाम रील लाइफ पर युवा संवाद इंदौर, 21 फरवरी। अभ्यास मंडल द्वारा इंदौर प्रेस क्लब परिसर में रियल लाइफ बनाम रील लाइफ पर युवा संवाद का आयोजन किया गया कार्यक्रम में सवर्प्रथम अभ्यास मंडल का परिचय युवा पीढ़ी…

भाषाओं के संरक्षण के लिए हों गंभीर वैश्विक प्रयास

विभिन्न क्षेत्रों की संस्कृति व बौद्धिक विरासत की रक्षा करने, भाषायी तथा सांस्कृतिक विविधता एवं बहुभाषावाद का प्रचार करने और दुनियाभर की विभिन्न मातृभाषाओं के प्रति जागरूकता बढ़ाने तथा उनके संरक्षण के लिए यूनेस्को द्वारा हर साल 21 फरवरी को…

बहु आयामी पेड़ : पेड़ों पर ओपी जोशी की पुस्तक

मध्यप्रदेश के जाने-माने पर्यावरणविद्, लेखक और सामाजसेवी डॉ.ओ.पी. जोशी की पेडों पर हाल में आई किताब ‘बहु आयामी पेड़’ अपने अनूठे अंदाज में पेडों से जुड़ी विविध जानकारी देती है। पेड़ों से जुड़ा कोई प्रसंग इससे अछूता नहीं है, चाहे वह…

पानी पंचायत: जल संरक्षण और स्वावलंबन की यात्रा

महाकुंभ प्रयागराज में पानी पंचायत पुस्तक का विमोचन महाकुंभ प्रयागराज में उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा ‘‘कुंभ की आस्था और जलवायु परिवर्तन’’ सम्मेलन का आयोजन किया गया, जिसमें देश भर से विद्वानों, पर्यावरणविद्, सामाजिक कार्यकर्ता, संतों, विधायक, सांसद आदि ने भाग…