जनआंदोलन

गंगा के उपासक जीडी अग्रवाल : अविरलता के लिए आत्मोत्सर्ग

गंगा की अविरलता को बरकरार रखने के लिए 111 दिन के अपने उपवास के बाद प्राण त्यागने वाले प्रोफेसर जीडी अग्रवाल उर्फ स्वामी ज्ञानस्वरूप सानंद ऐसे बिरले लोगों में हैं जिन्होंने गंगा को जीवित रखने के लिए विज्ञान और आध्यात्म…

लद्दाख : पहाड़ों, नदियों के विनाश के खिलाफ व भविष्य के लिए खड़े होते लोग

पिछले 2 महीनों से 3 लाख आबादी वाले लद्दाख की 10 प्रतिशत आबादी यानि 30 हज़ार से भी ज़्यादा लोग, अपने जल-जंगल-जमीन, पर्यावरण, अपने रोजगार और समाज और अपने अस्तित्व के लिए लड़ रहे हैं! लद्दाख की 90% आबादी आदिवासी…

तमिलनाडु : बंदरगाह के विरोध में तमिल किसान

राजनीतिक रूप से भले ही सत्ताधारी दल अलग-अलग दिखाई देते हों, लेकिन विकास के मामले में सभी में गजब की एकरूपता है। तमिलनाडु को ही लें तो वहां उत्तर भारत की भाजपा-कांग्रेस जैसी पार्टियों से सर्वथा भिन्न ‘द्रविड मुनेत्र कषगम’…

नागौर : मरुभूमि में तालाब

‘राजस्थान की रजत बूंदें’ सरीखी नायाब किताब लिखने वाले अनुपम मिश्र कहा करते थे कि जिस इलाके में प्रकृति ने पानी देने में थोड़ी कंजूसी की है, वहां समाज ने पानी की एक-एक बूंद को प्रसाद मानकर बेहद सलीके से…

‘अंग्रेजो भारत छोड़ो’ : भारतीय स्वतन्त्रता के लिए तैयार की आन्दोलन ने पृष्ठभूमि

76 वें स्‍वतंत्रता दिवस पर विशेष हमारी आजादी के संघर्ष का अहम पडाव ’1942 का Quit India Movement ‘भारत छोडो’ आंदोलन भी रहा है। इस आन्दोलन से उत्पन्न चेतना के परिणामस्वरूप ही 1946 में जलसेना (नेवी) का विद्रोह हुआ, जिसने…

नर्मदा नदी अगले पचास साल में खत्म हो जाएगी

नर्मदा के विशेष सम्‍मेलन में पर्यावरण विशेषज्ञों व जानकारों का मतंव्‍य बड़वानी 8 जून । नर्मदा घाटी : आज और कल की चुनौतियां विषय पर नर्मदा बचाओ आंदोलन द्वारा बड़वानी में बुधवार (7 जून) को आयोजित विशेष सम्‍मेलन में नर्मदा…

1 से 7 जून 2023 तक नदी बचाओ- पर्यावरण बचाओ संघर्ष सप्ताह का आह्वान

नदियों पर अनुसंधान के लिए एक संस्थान बनाने की मांग भोपाल, 30 मई । जन आंदोलनों का राष्ट्रीय समन्वय (एन.ए.पी.एम) ने मध्य प्रदेश के होशंगाबाद जिले में 1-2 अप्रैल, 2023 को सम्‍पन्‍न हुए राष्ट्रीय जल-जंगल-जमीन और ‘विकास’ सम्मेलन में पारित…

मेधा पाटकर ने कहा ; प्रकृति और संस्कृति का संरक्षण करने हेतु संघर्ष जारी रहेगा

नर्मदापुरम के बांद्राभान में जन आंदोलन के राष्ट्रीय समन्वय का राष्ट्रीय सम्मेलन सम्‍पन्‍न बांद्राभान (होशंगाबाद, नर्मदापुरम), 2 अप्रैल। जल-जंगल और जमीन के ज्वलंत मुद्दें को लेकर जन आंदोलन के राष्ट्रीय समन्वय (एनएपीएम) के बैनर तले नर्मदापुरम के बांद्राभान में आयोजित राष्ट्रीय…

जल, जंगल, जमीन, नदी, पहाड़ का संरक्षण करने हेतु मैदानी व कानूनी संघर्ष तेज करने की जरूरत – मेधा पाटकर

जन आंदोलनों का राष्ट्रीय समन्वय  (एनएपीएम) का राष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन बांद्राभान, 1 अप्रैल। जन आंदोलन के राष्ट्रीय समन्वय (NAPM) के बैनर तले बसेरा सभागार बांद्राभान (होशंगाबाद, नर्मदापुरम) मध्यप्रदेश में “नदियों को अविरल बहने दो, जल, जंगल, जमीन, विस्थापन, विकास,…

1 व 2 अप्रैल को होशंगाबाद में होगा NAPM जन आंदोलनों के राष्ट्रीय सम्मेलन में विकास की अवधारणा पर विमर्श

2 अप्रैल को होगी होशंगाबाद में जनसभा 1 अप्रैल, 2023। होशंगाबाद में नर्मदा किनारे 1 और 2 अप्रैल को बांद्रा धाम, नर्मदापुरम, होशंगाबाद में जन आंदोलनों के राष्ट्रीय सम्मेलन होने जा रहा है। सम्‍मेलन में देशभर से 10 राज्यों के…