समाचार

पं.संजीव अभ्यंकर : समूचे अंतरंग में सुवास की सम्मोहकता और रसिक मंडली की तन्मयता

विजय बहादुर सिंह भोपाल, 25 अप्रैल। भारत भवन की दूसरी साँझ मेवाती घराना के हिंदुस्तानी शास्त्रीय संगीत फनकार पं.संजीव अभ्यंकर के गायन से खिल उठी। न केवल खिल उठी बल्कि समूचे अंतरंग में उसकी सुवास की सम्मोहकता ने ऐसा असर डाला कि समूची रसिक मंडली…

बागी आत्मसमर्पण स्वर्ण जयंती के मौके पर सप्रेस द्वारा चंबल घाटी में अहिंसा का अनूठा प्रयोग पुस्‍तक का प्रकाशन

इंदौर 16 अप्रैल । बागी समर्पण के स्वर्ण जयंती वर्ष के मौके पर ख्‍यातनाम फीचर सर्विस सर्वोदय प्रेस सर्विस ( सप्रेस) द्वारा पुस्तक चंबल घाटी में अहिंसा का अनूठा प्रयोग का प्रकाशन किया गया है। पुस्‍तक के माध्‍यम से करीब…

हर घर गांधी और हर घर संविधान अभियान होगा प्रांरभ – गांधीवादी विचारक राजगोपाल पी.व्ही

जौरा में तीन दिवसीय बागी आत्मसमर्पण स्वर्ण जयंती समारोह का समापन जौरा मुरैना। 16 अप्रैल। बागी आत्मसमर्पण की स्वर्ण जयंती समारोह के समापन अवसर पर यहां विगत तीन दिनों में हुई चर्चाओं के आधार पर तय किया गया कि परिवार,…

बागी आत्‍म समर्पण स्वर्ण जयंती वर्ष : चंबल के गौरवपूर्ण इतिहास को संरक्षित करने की दिशा में सराहनीय प्रयास

गांधी के मंत्र ने बदली चंबल की तकदीर पुस्तक का किया विमोचन जौरा 15 अप्रैल । बागी समर्पण के स्वर्ण जयंती वर्ष पर आयोजित कार्यक्रमों की श्रंखला में  शुक्रवार को वरिष्ठ पत्रकार एवं स्वतंत्र लेखक जगदीश शुक्ला द्वारा लिखित पुस्तक…

अहिंसक स्वावलम्बी अर्थव्यवस्था से बनेगा हिंसामुक्त भारत

बागी आत्मसमर्पण की स्वर्ण जयंती समारोह : दूसरा दिन जौरा। 15 अन्रैल। आदिवासी क्षेत्रों में स्वावलम्बन का कार्य चुनौतीपूर्ण रहा है। एकता परिषद के प्रयासों से भूमि अधिकार अभियान में वंचित समुदाय को भूमि के अधिकार से समाज अनाज के मामलों…

चम्बल में न्याय और शांति के लिए शिक्षा और रोजगार की प्राथमिकता हो- समाजवादी चिंतक रघु ठाकुर

अपमान, विरोध, उपहास के बाद भी गांधी ने सत्यधर्म नहीं छोड़ा-कृषि मंत्री नरेन्द्र सिंह तोमर बागी आत्मसमर्पण की 50वीं वर्षगांठ समारोह शुभारंभ जौरा, मुरैना 14 अप्रैल ।न्याय व शांति के लिए गांधी के तीन सूत्र ‘चलो शहर से गांव की…

चम्बल घाटी की स्मृति से दुनिया को जायेगा शांति का संदेश – राजगोपाल पी.व्ही

बागी समर्पण स्थल जौरा में देश भर आये नवजवानों ने की सर्वधर्म प्रार्थना जौरा, मुरैना। 13 अप्रैल । चम्बल घाटी का जौरा हिंसा मुक्ति, प्रतिकार मुक्ति और शोषण मुक्ति के अभियान की जननी रही है। जहां पर 1970 के दशक…

स्वाभिमान पर आधारित शोषण मुक्त समाज की रचना जरूरी- प्रख्यात गांधीवादी रामधीरज भाई

जौरा में बागी आत्मसमर्पण स्वर्ण जयंती समारोह शुरू 11 अप्रैल 2022 जौरा, मुरैना। चम्बल में हुए आत्मसमर्पण से सामाजिक सम्मान की प्राप्ति और शोषण मुक्त समाज की रचना का संदेश पूरी दुनिया में गया था और 654 बागियों ने अच्छी…

भारी उद्योग क्षेत्र के कार्बन रहित भविष्य पर हो रहा है मनन

संयुक्त राष्ट्र के जलवायु परिवर्तन के अंतरसरकारी पैनल, IPCC, की ताज़ा रिपोर्ट  जब जारी हो रही थी, उसी दौरान, जलवायु परिवर्तन से निपटने की दिशा में एक और वैश्विक पहल आगे कदम बढ़ा रही थी। दरअसल वैश्विक स्तर पर उद्योगों को कार्बन रहित बनाने के…

दुनिया बचाने का मौक़ा: अगले 8 साल में आधे करने होंगे उत्सर्जन

दुनिया के अमीर 10% लोग दुनिया के कुल उत्सर्जन के आधे के लिए जिम्मेदार पृथ्वी के बीते 2000 सालों के इतिहास कि तुलना में अब, बीते कुछ दशकों में, धरती का तापमान बेहद तेज़ी से बढ़ रहा है। इसके पीछे साफ़ तौर पर, इन्सानी गतिविधियों की वजह…