विचार

शराब से आदिवासियों का उत्‍थान : बड़े खतरे हैं इस राह में

मध्यप्रदेश हेरिटेज (पारंपरिक) शराब नीति 2022 में आदिवासियों को महुए की शराब बनाए जाने को अनुमति दी गई है। फिलहाल, महुआ से शराब बनाया जाना पायलट प्रोजेक्ट के रूप में डिंडोरी और आलीराजपुर में लागू होगा। जहां तक पारम्परिक शराब…

आगे रही, आधी आबादी

महिलाओं की क्षमताओं और समाज में उनकी हैसियत के बारे में सभी को न सिर्फ याद रखना चाहिए, बल्कि उसे बार-बार गुनना चाहिए, भले ही इस प्रक्रिया में हमें थोडी ऊब ही क्यों न हो। ‘महिला दिवस’ मनाने की जरूरत…

नियमों के जरिए कमजोर किया जाता, ‘पेसा’ का प्रभाव

‘पेसा कानून’ के पारित होने की करीब चौथाई सदी बीत जाने के बाद अब जाकर मध्यप्रदेश में उसे लागू करने के लिए नियम बनाए जा रहे हैं। विडंबना यह है कि इन नियमों में अनेक विसंगतियां हैं। मसलन- जिस ग्रामसभा…

कोविड महामारी के बाद स्वास्थ्य और सामाजिक सुरक्षा बजट में कमी : डॉ. सैयदा हमीद

आठवीं डॉ. अजय खरे स्मृति व्याख्यानमाला का आयोजन भोपाल। 5 मार्च 2022।  इस समय में कोविड महामारी के बाद स्वास्थ्य और सामाजिक सुरक्षा में बजट कम किया गया है। इस देश का ताना बाना बिखर रहा हैं। घृणा की राजनीति…

बुद्धिजीवी की बेचैनी, हृदयजीवी का हर्ष

बुद्धि के संवर्धन पर हमने इतना जोर दे दिया है कि खुद को बुद्धिजीवी कहने में गर्व महसूस होता है| हम ह्रदयजीवी क्यों नहीं हो सकते? या फिर हम ज़्यादातर समय सिर्फ अपनी नैसर्गिक संवेदनात्मक क्षमता का उपयोग करते हुए,…

शिक्षा : बहुतेरे बच्चे सीख क्यों नहीं पा रहे ?

एक प्रभावी शिक्षक होने के लिए लगातार जुटे रहने और तैयारी की जरूरत होती है और उसे दैनिक अभ्यास में लाने के लिए उचित परिस्थितियों की जरूरत होती है| लेकिन भारत का ठीक से न काम करने वाला शिक्षक शिक्षा…

अब जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिये सेक्‍टोरल के बजाय ट्रांसफॉर्मेशनल सुधार की जरूरत है

आईपीसीसी की छठी मूल्‍यांकन रिपोर्ट जलवायु परिवर्तन के प्रभाव तथा अनुकूलन पर चर्चा जलवायु परिवर्तन पर अंतरसरकारी पैनल (आईपीसीसी) की ताजा रिपोर्ट भविष्‍य की एक भयावह तस्‍वीर पेश करती है। रिपोर्ट में कहा गया है कि अगर कार्बन उत्‍सर्जन मौजूदा…

‘आखिरी आदमी’ के लिए बापू का आहार

आजकल स्वास्थ्य, संतुलित भोजन और वजन-वृद्धि बडा बाजार हैं और उन्हें लेकर तरह-तरह के कौतुक होते रहते हैं। गांधी ने भी अपने और अपने संगी-साथियों के लिए भोजन की एक पद्धति विकसित की थी जिसमें सर्वाधिक महत्वपूर्ण था, समाज के…

मुद्रा का रूपांतरण : ‘कैश’ की जगह ‘क्रिप्टो’

जीवन के अनेक पहलुओं, खासकर आर्थिक लेन-देन के आभासी होते जाने की तरह अब मुद्रा भी आभासी हो गई है और इसे नाम दिया गया है – ‘क्रिप्टो।’ क्या यह ‘क्रिप्टो करेंसी’ सभी को समान रूप से उपलब्ध हो सकेगी?…

यूक्रेन : गूंगी दुनिया की त्रासदी

अब रूस व नोटो के दो पाटों के बीच पिसता हुआ यूक्रेन है. यूक्रेन के भी अंतरविरोध हैं जैसे हम मुल्क में जातियों-भाषाओं-प्रांतों के अंतरविरोध होते हैं. उन अंतरविरोधों का न्याय व समझदारी से शमन करना यूक्रेन की सरकार का…