Sarvodaya Press Service

सर्वोदय प्रेस सर्विस – फीचर्स सेवा के छ: दशक

विचार

पूंजीवादी नीतियों के बरक्स विकास का मॉडल

भारत में लोगों को रोजगार देने वाली पूंजी का कानूनी और गैर-कानूनी तरीके से देश से पलायन जारी है। नरेन्द्र मोदी बहुत तेजी से ‘विकास’ की रेल दौड़ा रहे हैं। वातानुकूलित डिब्बों में बैठे लोग चाहते हैं कि रेल और…

आचार्य विनोबा भावे : सच्चे अर्थ में लोकशाही कहीं नहीं है

11 सितंबर : विनोबा जयंती पर विशेष हर महापुरूष का सोचने-विचारने और चिंतन का अपने निराला ढंग होता है। अपने चिंतन का जो नवनीत अपने जीवनकाल में वे समय-समय पर समाज का परोसते हैं-वह समाज-जीवन में चल रहे व्यवहार के…