वैश्विक पर्यावरण

हीरा नहीं, जंगल है सदा के लिए

मध्यम वर्ग ने एक जीवन मंत्र अपना लिया है। खूब कमाओं और खूब खर्च करो। खर्च करने के लिए सोने के बाद अब हीरे का लालच है। और हीरा मिला है बक्सवाहा के जंगलों में। लेकिन इसके लिए लाखों पेड़…

आर्कटिक पूरे विश्व की तुलना में हो रहा है तीन गुना तेज़ी से गर्म

वर्ल्ड मेट्रोलॉजिकल आर्गेनाइजेशन (डब्लूएम्ओ) और यूनाइटेड किंगडम मेट (मौसम) कार्यालय की सालाना जारी की गई ‘टू ग्लोबल क्लाइमेट अपडेट’ नाम की रिपोर्ट खुलासा करती है कि 2021-2025 के दौरान अटलांटिक में हाल के पिछले दिनों की तुलना में अधिक उष्णकटिबंधीय…

लॉक डाउन में हुआ थर्मल पावर प्लांट्स में कोयले की राख का कुप्रबंध , बढ़ा प्रदूषण

बीते एक साल में सात राज्‍यों में थर्मल पावर प्लांट्स में कोल फ्लाई ऐश से जुड़ी 17 प्रमुख दुर्घटनाएं की गयीं दर्ज एक ताज़ा रिपोर्ट से ख़ुलासा हुआ है कि अप्रैल 2020 से मार्च 2021 के बीच देश के 7…

नीदरलैंड की अदालत ने दिया रॉयल डच शेल को 2030 तक कार्बन उत्सर्जन में 45 प्रतिशत कमी लाने का आदेश

नीदरलैंड की एक अदालत ने 26 मई को एक ऐतिहासिक फैसले में ऊर्जा क्षेत्र की दिग्गज कंपनी रॉयल डच शेल को 2030 तक 2019 के स्तर की तुलना में कार्बन उत्सर्जन में शुद्ध रूप से 45 प्रतिशत कमी लाने का…

जलवायु परिवर्तन से जुड़े हैं तूफ़ान यास, तौकते और अम्फान के तार

देश के नौ राज्यों में तूफ़ान तौकते के कहर का सामना करने के सिर्फ़ एक हफ्ते बाद, देश अब बंगाल की खाड़ी में अपने दूसरे चक्रवाती तूफान ‘यास’ के लिए कमर कस रहा है। तौकते की यात्रा की तरह, उष्णकटिबंधीय…

हीरे की हवस में कटते बुंदेलखंड के जंगल

पिछले कुछ सालों से लगातार सूखे की मार झेलते बुंदेलखंड में अब पानी देने वाले जंगलों पर खतरा मंडराने लगा है। यह खतरा समाज के बेहद छोटे, ऊपरी अमीर तबके की हीरे की हवस के रूप में आया है। कहा…

जलवायु परिवर्तन : वैश्विक तापमान को 1.5°C तक सीमित करने को हुए एकमत G7 देश

यूके, यूएस, कनाडा, जापान, फ्रांस, इटली और जर्मनी के पर्यावरण मंत्रियों ने वर्चुअली बैठक में लिया हिस्‍सा वैश्विक तापमान को दो डिग्री सेल्सियस तक सीमित करने के अपने पिछले लक्ष्य के मुक़ाबले एक बेहद महत्वाकांक्षी लक्ष्य पर सहमत होते हुए…

22 मई : जैव विविधता संरक्षण

विश्व जैव विविधता दिवस या विश्व जैव विविधता संरक्षण दिवस 22 मई को मनाया जाता है। इसे संयुक्त राष्ट्र संघ ने प्रारंभ किया था। सन् 2010 को जैव विविधता का अंतरराष्ट्रीय वर्ष घोषित किया गया था। “जैव विविधता एक प्राकृतिक…

खतरे में पड़ी जैव विविधता

22 मई जैव विविधता दिवस पर विशेष जैव विविधता की दृष्टि से भारत विश्व के समृद्धतम राष्ट्रों में प्रमुख है। भारत की विशिष्ट भौगोलिक स्थिति होने के कारण पशु-पक्षियों एवं पेड़-पौधों को जितनी अधिक प्रजातियों पाई जाती हैं, उतनी विश्व…

क्या अगले 30 साल बाद जीवाश्म ईंधन युग का अंत होना शुरू हो जाएगा ?

अंतर्राष्ट्रीय ऊर्जा एजेंसी व्‍दारा जारी नेट ज़ीरो बाय 2050 नामक रिपोर्ट का निष्‍कर्ष जीवाश्म ईंधन पर अंकुश लगाने की अब तक की सबसे बड़ी चेतावनी देते हुए ऊर्जा क्षेत्र की शीर्ष वैश्विक निगरानी संस्था अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा एजेंसी (आईईए) ने साफ़…