गांधी की सीख और आज की राजनीति का यथार्थ
करीब साढ़े चार दशक पहले ‘सप्रेस’ के सम्पादक को दिए एक वीडियो साक्षात्कार में ‘तिल्दा-आश्रम’ के आंगन में राजगोपाल पीवी ने कहा था कि उनके पास ‘गांधी विचार से प्रेरित सौ-सवा सौ मजबूत, प्रशिक्षित कार्यकर्ता, करीब एक लाख रुपए और…
मनुष्य, प्रकृति और समाज के पक्ष में हर वक्त खड़े रहे माणकचंद कटारिया : मेधा पाटकर
माणकचंद कटारिया की जन्मशताब्दी पर स्मरण–संवाद कार्यक्रम में ‘अहिंसा कुछ करने को कहती है’ का विमोचन इंदौर, 14 दिसंबर। ‘’माणकचंद कटारिया मध्यप्रदेश के गांधी ही नहीं, बल्कि अपने समय की एक आंधी भी थे। उन्होंने हर उस मुद्दे पर लिखा…
माणकचंद कटारिया : अहिंसा और कर्म की साधना
स्वतंत्रता संग्राम के सक्रिय साक्षी और गांधीवादी विचारक माणकचंद कटारिया (1925–1977) का जीवन सेवा, वैचारिक स्पष्टता और आत्मसंयम की मिसाल है। बाल्यावस्था से सार्वजनिक जीवन में सक्रिय कटारिया ने राजनीति से अधिक समाज-निर्माण को महत्व दिया। इस गांधीवादी विचारक की…
काका साहेब कालेकर : विचार, साहित्य और सामाजिक न्याय के गांधीयुग पथप्रदर्शक
भारतीय स्वतंत्रता संग्राम, साहित्य और सामाजिक सुधार के प्रमुख स्तंभ काका साहेब कालेकर न केवल गांधीजी के निकटतम सहयोगी थे, बल्कि भाषा, शिक्षा, नैतिकता और सामाजिक न्याय के प्रखर विचारक भी रहे। शिक्षक, साहित्यकार, पत्रकार और स्वतंत्रता सेनानी के रूप…
सुचेता कृपलानी ने भारतीय राजनीति को निष्ठा, पारदर्शिता और अनुशासन की नई दिशा दी : अरविन्द मोहन
नईदिल्ली, 30 नवंबर। वरिष्ठ पत्रकार, लेखक और गांधी विचार के अध्येता अरविन्द मोहन ने शनिवार को कहा कि राष्ट्र सेवा के लिए स्वतंत्रता सेनानी सुचेता कृपलानी ने अपने व्यक्तिगत जीवन में महत्वपूर्ण बलिदान दिया ताकि राष्ट्रीय आंदोलन का कार्य बिना…
मानव जीवन विकास समिति की रजत जयंती : गांधीवादी विचारों के साथ ग्रामीण विकास का उत्सव
कटनी, 29 नवंबर। मानव जीवन विकास समिति (MJVS) ने अपनी स्थापना के 25 वर्ष पूर्ण होने पर रजत जयंती समारोह का आयोजन शहर में किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रसिद्ध गांधीवादी विचारक श्री राजगोपाल पी. व्ही. ने की। इस अवसर पर…
हमें चंपारण वाला गांधी चाहिए, यात्रा ने उस चंपारण वाले गांधी को जगाया है
56 दिवसीय ‘’एक कदम गांधी के साथ’’ पैदल यात्रा का समापन नईदिल्ली, 26 नवंबर। वाराणसी से 2 अक्तूबर गांधी जयंती पर प्रारंभ हुई यात्रा “एक कदम गांधी के साथ’ का समापन 26 नवंबर संविधान दिवस पर दिल्ली के जंतर मंतर…
धीरेन्द्र मजूमदार : समग्र ग्राम सेवा के शास्त्री, मिस्त्री और लोक-यात्रा के महायात्री
धीरेन्द्र मजूमदार भारतीय रचनात्मक आंदोलन के उन तेजस्वी व्यक्तित्वों में थे, जिनमें विचार की पारदर्शिता और कर्म की प्रतिबद्धता अद्भुत सामंजस्य के साथ प्रवाहित होती थी। धीरेन्द्रदा के नाम से पहचाने जाने वाले इस गांधीवादी कार्यकर्ता ने साधना, सेवा और…
आचार्य विनोबा भावे: अहिंसा, सेवा और सामाजिक न्याय की शाश्वत दृष्टि
भारतीय स्वतंत्रता संग्राम और सामाजिक सुधार के इतिहास में आचार्य विनोबा भावे का व्यक्तित्व अद्वितीय और प्रेरक रहा है। गांधीजी के आध्यात्मिक उत्तराधिकारी माने जाने वाले विनोबा ने अहिंसा, सेवा और आत्मनिर्भरता को जीवन का आधार बनाया। भूदान आंदोलन, सर्वोदय…
आपातकाल किसी तंत्र नहीं, परिवार हित का निर्णय था : पूर्व सांसद के. सी. त्यागी
आचार्य कृपलानी स्मृति व्याख्यान-2025 का आयेाजन नई दिल्ली, 11 नवंबर। हिंदी भवन में रविवार को आचार्य कृपलानी स्मृति व्याख्यान-2025 का आयोजन किया गया। व्याख्यान में मुख्य अतिथि के रूप में पूर्व सांसद श्री के. सी. त्यागी उपस्थित थे। कार्यक्रम की…








