Sarvodaya Press Service

सर्वोदय प्रेस सर्विस – फीचर्स सेवा के छ: दशक

Day: August 18, 2017

क्या लोकतंत्र के असली स्वरूप तलाशने की संभावनाएँ खत्म हो चुकी हैं?

विकास की अंधी दौड़ में गरीबी, भुखमरी, कुपोषण, बेरोजगारी, अन्याय, शोषण, भ्रष्टाचार, बलात्कार, हिंसा हमारे ऊपर हावी हो रही है। लोक, जो कि लोकतांत्रिक व्यवस्था की सबसे बड़ा घटक है, गायब हो चुका है। सियासत और भ्रष्टाचार का यह गठजोड़…