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Manipur की घटना बहशीपन, नृशंसता और हैवानियत की पराकाष्ठा; मुख्यमंत्री का वक्तव्य शर्मनाक

Manipur की घटना बहशीपन, नृशंसता और हैवानियत की पराकाष्ठा; मुख्यमंत्री का वक्तव्य शर्मनाक

सर्व सेवा संघ ने की मणिपुर की जनता से शांति एवं सहिष्णुता की अपील सेवाग्राम, 21 जुलाई । सर्व सेवा संघ (अखिल भारत सर्वोदय मंडल) के प्रबंधक ट्रस्टी महादेव विद्रोही ने एक प्रेस विज्ञप्ति में कहा कि Manipur मणिपुर पिछले कई...

सर्व सेवा संघ ने की मणिपुर की जनता से शांति एवं सहिष्णुता की अपील

सेवाग्राम, 21 जुलाई । सर्व सेवा संघ (अखिल भारत सर्वोदय मंडल) के प्रबंधक ट्रस्टी महादेव विद्रोही ने एक प्रेस विज्ञप्ति में कहा कि Manipur मणिपुर पिछले कई महीने से सुलग रहा है। यदि आरम्भ में ही जरूरी कदम उठाये गए होते तो इस स्थित को रोका जा सकता था। पर केंद्र और  सरकार ने चुप्पी साध रखी है

विभिन्न समाचार पत्रों में प्रकाशित रिपोर्टों के अनुसार मणिपुर के मुख्यमंत्री वीरेन्द्र सिंह ने कहा है “राज्य में ऐसी हजारों घटनाएं हुई हैं।” ऐसा लगता है उनके लिए यह सामान्य घटना है। मुख्यमंत्री की इस स्वीकारोक्ति के बाद भी वे इस पद पर कैसे बने हुए हैं ?

महादेव विद्रोही ने कहा कि इस हिंसा के कारणों को ढूंढना होगा और तद्नुसार कदम उठाने होंगे। इन घटनाओं में महिलाओं को जिस तरह निशाना बनाया जा रहा है वह अत्यंत दुःखद और क्षोभजनक है। जो लोग इन जघन्य घटनाओं में शामिल हैं उन्हें चिह्नित कर उन पर फास्टट्रैक कोर्ट में मुकदमा चला कर कठोरतम सजा दिलाने के लिए शीघ्र सभी उचित कदम उठाने चाहिए।

भारत के सर्वोच्च न्यायालय  इस घटना का स्वतः संज्ञान लेकर केंद्र सरकर को 28 जुलाई तक जवाब देने को कहा है। सर्वोच्च न्यायालय के इस सकारात्मक पहल से लोगों में आशा बंधी है साथ ही न्यायपालिका पर विश्वास भी बढ़ा है। आशा करते हैं कि न्यायलय के इस हस्तक्षेप के परिणाम सकारात्मक सिद्ध होंगे।

श्री विद्रोही ने मणिपुर की जनता से शांति एवं सहिष्णुता की अपील करते हुए कहा सभी भाइयों और बहनों को शांति स्थापना के लिए हर संभव कदम उठाने चाहिए। हिंसा किसी भी समस्या का समाधान नहीं है।  

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