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यदि महिलाओं के हाथ में अर्थव्यवस्था दी तो देश की जीडीपी उछाल मारेगी – मेजर जनरल डॉ. माधुरी कानिटकर

अभ्यास मंडल की 66 वीं ग्रीष्मकालीन व्याख्यान माला समापन व्याख्यान

इंदौर, 21 मई। मेजर जनरल डॉ. माधुरी कानिटकर ने कहा है कि देश में महिला आरक्षण लागू होने से पहले महिलाओं को इस व्यवस्था के लिए तैयार करना समाज की जिम्मेदारी है। यदि हमारे देश में हम महिलाओं के हाथ में अर्थव्यवस्था दें तो भारत की जीडीपी उछाल मारेगी।

वे आज यहां अभ्यास मंडल की 66 वीं ग्रीष्मकालीन व्याख्यान माला के समापन व्याख्यान को संबोधित कर रही थी। उनके व्याख्यान का विषय था ‘विकसित भारत और नारी नेतृत्व।‘  

उन्होंने कहा कि हम नारी नेतृत्व की बात कर रहे हैं तो इसकी शुरुआत में लोकमाता देवी अहिल्याबाई की चर्चा से करना ही उचित होगा। हमारे देश में विश्व की सबसे ज्यादा आबादी है। ऐसे में तरक्की की राह पर देश को आगे बढ़ाना आसान काम नहीं है।

नारी नेतृत्व की चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि क्या हम घर में पूरा फैसला लेने का अधिकार अपने घर की महिला को दे रहे हैं? आज हमें यह सोचना होगा कि अलग-अलग क्षेत्र में लीडरशिप के स्थान पर महिला क्यों नहीं है? लोकसभा में नारी वंदन अधिनियम मंजूर हो गया है। इससे यह स्पष्ट है कि महिलाओं को संसद और विधानसभा में आरक्षण और अधिकार मिलेगा। अब ऐसे में यह समाज की जिम्मेदारी है कि महिलाओं को उसके लिए तैयार करें। इसके लिए हर घर में महिला की तरक्की जरूरी है। अवसर बहुत है।

उन्होंने कहा कि यदि एक महिला आगे आती है तो वह रोल मॉडल बनती है। वह बहुत से लोगों को अपने साथ लेकर चलती है। केरल एक ऐसा राज्य है जहां पर लड़कियां नेतृत्व कर रही हैं। पूरे देश में ऐसा कोई अस्पताल नहीं होगा जिसके इंटेंसिव केयर यूनिट में केरल की लड़की हेड नहीं होगी।

आज हमारे देश में समस्या यह है कि नौकरी तो सभी को सरकारी चाहिए लेकिन स्कूल और अस्पताल प्राइवेट चाहिए। जब महिला को नेतृत्व मिलेगा तो समाज की सोच बदलेगीं। घरेलू हिंसा खत्म हो जाएगी। गलत चीज रुक सकेगीं। आज बहुत से लोग कहते हैं कि हमने अपनी बेटी को बेटा जैसा बनाया है, लेकिन कोई यह क्यों नहीं कहता कि हमने बेटे को बेटी जैसा बनाया है। हमने अपने बेटे को खाना बनाना सिखाया है। सशक्त नारी के लिए सशक्त लड़के होना भी जरूरी है। एक महिला में जिद से ही जुनून पैदा होता है। यदि महिला के हाथ में अर्थतंत्र दे दिया जाएं तो हमारे देश की जीडीपी 27 से लेकर 60% तक होगी।

कार्यक्रम की अध्यक्षता इंदौर के सांसद शंकर लालवानी ने की। कार्यक्रम के प्रारंभ में वक्ता का परिचय ग्रीष्मा त्रिवेदी ने दिया। कार्यक्रम का संचालन पल्लवी अढाव ने किया। अतिथि का स्वागत माला सिंह ठाकुर, विनय जैन, पुरुषोत्तम बागमारे, निधि श्रीवास और हर्ष चंदरिया ने किया। कार्यक्रम के अंत में आभार प्रदर्शन अभ्यास मंडल के अध्यक्ष रामेश्वर गुप्ता ने किया।

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